Rutuja-Latke

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    मुंबई: बॉम्बे हाईकोर्ट ने ऋतुजा लटके को बड़ी रहत दी है। अदालत ने बीएमसी (बृहन्मुंबई नगर निगम) को शुक्रवार बह 11 बजे तक रुतुजा लटके का इस्तीफ स्वीकार करने का आदेश दिया है। इससे पहले बीएमसी ने ऋतुजा लटके के इस्तीफे को मंजूरी नहीं दी थी। इसके खिलाफ,   शिवसेना ठाकरे समूह ने उच्च न्यायालय का दरवाजा खटखटाया था। कोर्ट के इस फैसले से ठाकरे गुट की रितुजा लटके की उम्मीदवारी का रास्ता साफ हो गया है।  बता दें कि,  रुतुजा लटके अंधेरी पूर्व उपचुनाव के लिए शिवसेना (उद्धव बालासाहेब ठाकरे) उम्मीदवार हैं।

    न्यायमूर्ति नितिन जामदार और न्यायमूर्ति शर्मिला देशमुख की पीठ ने कहा कि बीएमसी आयुक्त द्वारा इस मामले में इस्तीफे पर निर्णय के संबंध में विवेकाधिकार का इस्तेमाल करना या न करना ‘‘मनमाना” था। पीठ ने बीएमसी के सक्षम प्राधिकार को शुक्रवार पूर्वाह्न 11 बजे तक इस्तीफा स्वीकार करने और उचित पत्र जारी करने का निर्देश दिया। इससे उपचुनाव के लिये लटके के शुक्रवार को अपना नामांकन दाखिल करने का मार्ग प्रशस्त हो जाएगा। अदालत ने कहा, ‘‘वह (लटके) आपकी (बीएमसी) कर्मचारी हैं। आपको उनकी मदद करनी चाहिए।” 

    उल्लेखनीय है कि, मुंबई की अंधेरी ईस्ट विधानसभा सीट पर होने वाले उपचुनाव में ऋतुजा लटके उद्धव ठाकरे गुट की उम्मीदवार हैं। शिवसेना विधायक रमेश लटके के निधन के बाद इस सीट पर चुनाव हो रहा है। 3 नवंबर को होने वाले उपचुनाव के लिए कल यानी 14  अक्टूबर नामांकन की आखिरी तारीख  है।वहीं, दोपहर 3 बजे तक नामांकन करने का समय है। 

    बीएमसी ने नहीं किया इस्तीफा मंजूर

     ऋतुजा लटके बृहन्मुंबई नगर निगम में क्लर्क की तौर पर कार्यरत हैं। उन्होने दो सितंबर को अपने पद से इस्तीफा दिया था।वहीं, लटके ने यह भी अनुरोध किया था कि, चुनाव होने के बाद उनका इस्तीफा मंजूर किया जाए, लेकिन बीएमसी उनका इस्तीफा मंजूर नहीं कर रही थी। जिसके बाद समस्या निर्माण हो गई थी की उनकी उम्मीदवारी का क्या होगा। इसके मद्देनजर शिवसेना के उद्धव ठाकरे गुट ने बॉम्बे हाई कोर्ट का रुख किया था।