Sachin-Vaze
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    मुंबई. हृदय रोग के उपचार (Treatment) और सर्जरी (Surgery) के लिए मुंबई (Mumbai) के निजी अस्पताल (Private Hospital) में स्थानांतरित करने का बर्खास्त सहायक पुलिस निरीक्षक सचिन वझे (Sachin Vaze) का अनुरोध राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) की विशेष अदालत ने स्वीकार कर लिया। 

    ‘एंटलिया’ के बाहर विस्फोटक से भरी स्कॉर्पियो पार्क करने और मनसुख हिरेन हत्या मामले में मुख्य आरोपी वझे ठाणे के भिवंडी स्थित एक अस्पताल भर्ती है। वझे ने मंगलवार को आवेदन कर एनआईए की विशेष अदालत से उन्हें मुंबई के एक अस्पताल में स्थानांतरित करने का आदेश देने अनुरोध किया था।

    एनआईए ने नहीं किया विरोध

    अभियोजन पक्ष ने शर्तों के आधार पर वझे की अर्जी का विरोध नहीं किया। एनआईए ने कहा कि आरोपी अपने डॉक्टर के निरीक्षण में मुंबई के निजी अस्पताल में उपयुक्त उपचार करा सकता है और हृदय में बाईपास ग्राफ्टिंग सर्जरी करा सकता है। एजेंसी ने अदालत से संबंधित जेल अधिकारियों और पुलिस कमिश्नर को उपचार के दौरान वझे को उपयुक्त सुरक्षा प्रदान करने का निर्देश देने की भी अपील की।

    पत्नी को साथ रहने की अनुमति

    उसने अदालत से यह भी अनुरोध किया कि वह वझे की पत्नी को उनकी देखभाल करने और उनके उपचार के बारे में जरूरी निर्णय लेने के वास्ते उनके साथ रहने की अनुमति दे। अदालत ने दोनों पक्षों की बातें सुनने के बाद वझे की अर्जी मंजूर कर ली।

    ‘दूसरा स्टैन स्वामी’ नहीं बनना चाहता

    एनआईए अदालत ने 30 अगस्त को वझे को हृदय रोग का इलाज कराने के लिए एक निजी अस्पताल में भर्ती हो जाने की अनुमति दी थी। उससे पहले वझे ने अदालत से कहा था कि वह ‘दूसरा स्टैन स्वामी’ नहीं बनना चाहते हैं। एलगर-माओवादी लिंक मामले के आरोपी स्वामी की स्वास्थ्य आधार पर जमानत का इंतजार करते हुए इस जुलाई में हिरासत में मौत हो गयी थी।

    आरोप पत्र से वझे का कई कारनामा उजागर

    वझे समेत 10 आरोपी न्यायिक हिरासत में हैं। एनआईए ने हाल में ही उनके खिलाफ 312 पन्नों का आरोप पत्र विशेष अदालत में दाखिल किया है। आरोप पत्र से सचिन वझे के कई कारनामे सामने आए हैं। वझे की गर्लफ्रेंड पर लाखों रुपए उड़ाने एवं अपनी कंपनी का डाइरेक्टर बनाने का खुलासा हुआ है। एनआईए ने दावा किया था कि वझे अंबानी के घर के समीप विस्फोटक से भरी स्कॉर्पियो खड़ी करने और मनसुख हिरेन की हत्या में मुख्य आरोपी थे।