गुटबीमा योजना शिवसेना ने बंद ‘करके दिखाया’!, नितेश राणे ने मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे को लिखा पत्र

    मुंबई. भाजपा विधायक नितेश राणे (BJP MLA Nitesh Rane) ने मुंबई महानगरपालिका कर्मचारियों के स्वास्थ्य सुरक्षा को लेकर  शुरु की गई गुट बीमा योजना बंद (Gut Insurance Scheme Closed) होने के लिए बीएमसी (BMC) में सत्तारूढ़ शिवसेना (Shiv Sena) पर हमला बोला है। उन्होंने इस संदर्भ में मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे (Chief Minister Uddhav Thackeray) को पत्र (Letter) लिखकर सवाल किया है कि बीएमसी की तरफ से कुछ काम होता है तो यह कह कर श्रेय लिया जाता है कि ‘हमने करके दिखाया!’ अब योजना बंद हुई है इसका श्रेय किसे दिया जाएगा।

    मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे को लिखे पत्र में नितेश राणे ने कहा है कि जो सचमुच में कोरोना योद्धा हैं। जो बीएमसी कर्मचारी खुद के जीवन और अपने परिवार की परवाह किए वगैर तत्परता से अपने कर्तव्यों का निर्वहन के लिए घर से बाहर निकलते हैं। ऐसे कर्मचारियों के लिए आप क्या कर रहे हैं ?। आप के हाथों शुरु की गई गुट बीमा योजना पूरी तरह से बंद हो गई है। यह आपको मालूम है ? इस तरह का सवाल करते हुए नितेश राणे ने पूछा है कि यदि योजना बंद हुई है तो इसका श्रेय किसे दिया जाएगा? 

    1 अगस्त 2015 से यह योजना शुरु हुई थी

    मुंबई महानगरपालिकामें कार्यरत कर्मचारी एवं अधिकारी एवं 1अप्रैल 2011 से  सेवानिवृत्त हुए  कर्मचारियों के स्वास्थ्य की सुरक्षा को लेकर मेडिकल बीमा योजना शुरु की गई थी। 1अगस्त 2015 से यह योजना शुरु हुई। इसके लिए युनाइटेड इंडिया इंसयूरेन्स कंपनी की नियुक्ति भी की गई थी, लेकिन दो साल बाद यह बंद हो गई। बीएमसी की गुट बीमा योजना शुरु होगी। इस आशा में कर्मचारियों ने खुद की मेडिकल पॉलिसी नहीं ली है। राणे ने कहा है कि बीएमसी के कर्मचारियों के कार्यों का श्रेय लेते हैं। कोविड काल में उल्लेखनीय कार्य के लिए उप मुख्यमंत्री अजीत पवार ने ‘सर्टीफिकेट ऑफ कमिटमेंट अवार्ड’ प्राप्त किया। इसके साथ ही मुंबई महानगरपालिका ने उत्तम कार्य किया इसके लिए ‘मुंबई मॉडल’ का भी वाह वाही लूटने का प्रयास किया गया, लेकिन बंद पड़ी योजना का क्या होगा। उन्होंने यह भी कहा है कि कर्मचारियों की भावना से खेलना अच्छी बात नहीं है।