Nagpur Jail

    नागपुर. सुधार और पुनर्वसन महाराष्ट्र जेल विभाग का ब्रीद है. जेल में कैदियों के पुनर्वसन के लिए विभिन्न उपक्रम चलाए जाते है. डीआईजी जेल स्वाति साठे के मार्गदर्शन में नागपुर सेंट्रल जेल और ट्रासेंडर प्रा. लि. मुंबई के संयुक्त तत्वाधान कैदियों के लिए नर्सिंग असिस्टंट का प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया गया है.

    शनिवार को इसका उद्घाटन स्वास्थ्य विभाग उप संचालक डॉ. संजय जायस्वाल के हाथों कार्यक्रम का उद्घाटन किया गया. बतौर प्रमुख अतिथि मेयो अस्पताल के वैद्यकीय अधीक्षक डॉ. संजय पांडे, ट्रासेंडर कंपनी के अध्यक्ष समीर जोशी और डॉ. सीमा जोशी उपस्थित थे. नागपुर सेंट्रल जेल द्वारा कैदियों को स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध करवाई जाती है. जेल में चिकित्सा अधिकारी, प्रयोगशाला में टेक्नीशियन और अटेंडेंट द्वारा कैदियों का उपचार किया जाता है. इस सेवा में कैदियों का भी समावेश करने के लिए ट्रासेंडर द्वारा नर्सिंग असिस्टंट की ट्रेनिंग दी जाएगी.

    विशेषज्ञों द्वारा ऑनलाइन, ऑफलाइन और रिकार्डेड वीडियो द्वारा उन्हें 18 सप्ताह का प्रशिक्षण दिया जाएगा. इसके बाद कैदियों की परीक्षा ली जाएगी. इस परीक्षा में उत्तीर्ण होने वाले कैदियों को प्रमाणपत्र भी दिए जाएंगे. कोर्स पूरा करने वाले कैदियों के हुनर का लाभ जेल के अस्पताल को मिलेगा.

    जेल से छूटने के बाद कैदियों को रोजगार भी मिलेगा. कार्यक्रम में एसपी अनूपकुमार कुमरे, वरिष्ठ जेल अधिकारी राजेंद्र गायकवाड़, डी.के. कालबांडे, ट्रासेंडर संस्था के डॉ. शार्दुल वाघ, लीना भोसले, शुभांगी सहारे और एश्वर्या वनवे सहित कैदी उपस्थित थे. सूत्र संचालन योगेश पाटिल ने किया. कार्यक्रम सफल बनाने के लिए हेड कांस्टेबल संजीव हटवादे, राजू हाते और प्रमोद चामट ने परिश्रम किए.