रणजीत सफेलकर 
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रणजीत सफेलकर FILE PIC

    नागपुर. शहर में चर्चित मनीष श्रीवास हत्याकांड में क्राइम ब्रांच ने गुरुवार को सफेलकर गैंग के खिलाफ 5,000 पन्नों की चार्जशीट दायर की. इस मामले में रंजीत हलके सफेलकर (47), शरद उर्फ कालू नारायण हाटे (41), भरत नारायण हाटे (43), हेमलाल उर्फ हेमंत लालबहादुर गोरखा (48), विशाल उर्फ इसाक नंदू मस्ते (35), विनयकुमार उर्फ गोलू द्वारकाप्रसाद बाथो (42), श्रीनिवास उर्फ सिनू अन्ना वियनवार (47), रवि उर्फ छथोटू टीकाराम बागड़े (39) और दिवाकर बबन कोतुलवार (36) को गिरफ्तार किया जा चुका है.

    फिलहाल सभी आरोपी जेल की हवा खा रहे हैं. इस प्रकरण में चंद्रमणीनगर, कामठी निवासी शैलेश उर्फ काल्या तिलकचंद मेश्राम (25), चितरंजननगर निवासी अब्दुल ताज अब्दुल अजीज (30) और शेख मोहतासिंह शेख सरदार (35) नामक आरोपी फरार हैं.

    ज्ञात हो कि वर्ष 2012 में आरोपियों ने मनीष श्रीवास का अपहरण किया था. कामठी में फार्म हाउस में ले जाकर उसकी हत्या की. लाश के टुकड़े-टुकड़े करके जंगल में फेंक दिया. मनीष एक मामले में फरार था इसीलिए सभी को लग रहा था कि वह कहीं अंडरग्राउंड है. इसी वर्ष मार्च में पुलिस को कुछ जानकारी हाथ लगी.

    इसी आधार पर सफेलकर और हाटे बंधुओं को गिरफ्तार किया गया. आरोपियों ने अपने साथियों के साथ मिलकर हत्या की वारदात को अंजाम देने की कबूली दी और प्रकरण का पर्दाफाश हुआ. पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ मोका भी लगाया. जांच पूरी होने के बाद गुरुवार को पुलिस ने मोका की विशेष अदालत के न्यायाधीश सलमान आजमी की अदालत में आरोपपत्र दायर किया. यह चार्जशीट 5,000 पन्नों की होने की जानकारी मिली है. डीआईजी सुनील फुलारी और डीसीपी गजानन राजमाने के मार्गदर्शन में एसीपी भीमानंद नलावड़े ने प्रकरण की जांच की.