Maharashtra-Police

    नंदुरबार : देश (Country) और महाराष्ट्र (Maharashtra) के कुछ हिस्सों में अप्रिय घटना के संबंध में धार्मिक (Religious) भावनाओं (Feelings) को भड़काने (Provoke) वाले कुछ आपत्तिजनक पोस्ट (Objectionable Posts), ऑडियो/वीडियो के साथ-साथ झूठी खबरें फैलाने (Spreading) वाले संदेश सोशल मीडिया (Social Media) पर वायरल (Viral) हो रहे हैं। साइबर सेल और नंदुरबार जिला पुलिस बल की ओर से जिला पुलिस अधीक्षक पी.आर पाटिल ने अपील की है कि ऐसी पोस्ट ऑडियो/वीडियो के साथ-साथ फोटो को भी फॉरवर्ड ना किया जाए।

    त्रिपुरा में कथित घटनाओं को लेकर महाराष्ट्र में कई जगहों पर हिंसक घटनाएं हो रही हैं। इसी पृष्ठभूमि में यह अपील की गई है। इसमें कहा गया है कि अगर इस तरह के आपत्तिजनक पोस्ट मिलते हैं, तो उन्हें तुरंत सोशल मीडिया पर रिपोर्ट किया जाना चाहिए। सोशल मीडिया पर असामाजिक वीडियो पोस्ट फोटो संदेश पोस्ट करना कानूनन अपराध है। सभी सार्वजनिक मीडिया जैसे फेसबुक, इंस्टाग्राम, व्हाट्सएप, आदि को ऐसी पोस्ट/वीडियो/फोटो/संदेशों पर नजर रखने के लिए सूचित किया गया है। जिला पुलिस अधीक्षक पी.आर पाटिल ने आगे कहा कि सोशल मीडिया और इंटरनेट पर पोस्ट करते समय सामाजिक चेतना को ध्यान में रखते हुए सूचना प्रौद्योगिकी अधिनियम 2000 (आईटी अधिनियम 2000) के प्रावधानों का कड़ाई से पालन किया जाना चाहिए।

    ग्रुप एडमिन को विशेष रूप से सावधान रहना चाहिए

    व्हाट्सएप यूजर्स / ग्रुप के सभी सदस्यों, खासकर ग्रुप एडमिन को विशेष रूप से सावधान रहना चाहिए कि वे अपने ग्रुप में ऐसी आपत्तिजनक पोस्ट या वीडियो पोस्ट न करें। अन्यथा, इस तरह के संदेश भेजने वाले के खिलाफ संबंधित कानून के अनुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी। यदि इस तरह की आपत्तिजनक पोस्ट फैलाई जाती है, तो संबंधित व्यक्ती और ग्रुप एडमिन के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी। साथ ही, अगर आप फेसबुक, इंस्टाग्राम, व्हाट्सएप या ट्विटर पर ऐसी आपत्तिजनक पोस्ट देखते हैं, तो आप तुरंत साइबर सेल नंदुरबार (02564-210111 Ext.403) कंट्रोल रूम नंदुरबार (02564-210113) को रिपोर्ट करें, या अपने नजदीकी पुलिस स्टेशन से संपर्क करें।

    इसकी सूचना नजदीकी पुलिस थाने में दें

    नंदुरबार जिला पुलिस बल सभी नागरिकों से धार्मिक भावनाओं को भड़काने वाले और झूठी खबरें फैलाने वाले वीडियो या पोस्ट प्रसारित नहीं करने की अपील करता है। साथ ही किसी अफवाह पर विश्वास न करें। उन्होंने कहा कि अगर कोई इस तरह के आपत्तिजनक वीडियो पोस्ट करता हुआ पाया जाता है तो उसे तुरंत इसकी सूचना नजदीकी पुलिस थाने में दें।