Demand for starting local train in Pune is gaining momentum

    पुणे. मुंबई (Mumbai) में लोकल ट्रेन (Local Train) सेवा बहाल करने के फैसले के बाद रोजाना पुणे (Pune) से लोनावला (Lonavala) जाने वाले यात्री पूछ रहे हैं कि कोरोना काल के कारण डेढ़ साल से अधिक समय से बंद पुणे-लोनावला उपनगरीय ट्रेन (Pune-Lonavala Suburban) सेवा कब फिर से शुरू होगी? पुणे-लोनावला और पुणे-दौंड मार्गों (Pune-Daund Routes) पर सेवाओं को फिर से शुरू करने की मांग गति पकड़ ली है, क्योंकि मुख्यमंत्री ने 15 अगस्त से मुंबई में उपनगरीय ट्रेनों में यात्रा करने के लिए वैक्सीन की दो खुराक लेने वालों को अनुमति देने का निर्णय लिया है। 

    कोरोना की पहली लहर के संक्रमण फैलने के तुरंत बाद पुणे-लोनावला उपनगरीय सेवा को बंद कर दिया गया था। तालाबंदी में ढ़ील दिए जाने के बाद केवल 20 प्रतिशत राउंड शुरू किया गया है जिसमें आवश्यक सेवा कर्मियों को यात्रा करने की अनुमति मिली है। तब से अब तक आम यात्रियों को इस सेवा का लाभ नहीं मिल पाया है। हालांकि रेलवे द्वारा सभी के लिए लंबी दूरी की अन्य ट्रेनें चलाई गई हैं, लेकिन रेलवे उपनगरीय परिवहन के संबंध में राज्य सरकार के आदेश पर उंगली उठा रहा है। इसी के तहत राज्य सरकार ने मुंबई को लेकर फैसला लिया है। इसलिए पुणे-लोनावाला उपनगरीय परिवहन के साथ-साथ पुणे-दौंड, पुणे-बारामती आदि पर उपनगरीय सेवाएं शुरू करने की मांग जोर पकड़ने लगी है।

    तालाबंदी से पहले पुणे-लोनावाला उपनगरीय रेलवे ने 40 से अधिक चक्कर लगाए। यह सेवा छात्रों, श्रमिकों, व्यापारियों आदि के लिए बहुत महत्वपूर्ण है। प्रतिदिन लगभग एक लाख यात्री इस सेवा का लाभ उठा रहे थे। फिलहाल पुणे और पिंपरी-चिंचवड़ में पाबंदियों में ढ़ील दी गई है। हालांकि कॉलेज बंद हैं, लेकिन इसके शुरू होने की उम्मीद है क्योंकि मजदूर वर्ग और व्यापारी समुदाय को इस सेवा की सख्त जरूरत है।

    रेलवे यात्री समूह के अध्यक्ष हर्षा शाह ने कहा कि मुख्यमंत्री ने केवल मुंबई के लिए निर्णय लेते समय अन्य क्षेत्रों के यात्रियों पर विचार नहीं किया। अन्य ट्रेनें चल रही हैं,लेकिन पुणे-लोनावला,पुणे-दौंड,पुणे-बारामती सहित विभिन्न मार्गों पर उपनगरीय सेवाएं नहीं चल रही हैं। ऐसे में रेलवे को आर्थिक नुकसान है साथ ही आम जनता को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। इसलिए इस रूट पर भी मुंबई की तरह उपनगरीय ट्रेन से यात्रा की अनुमति दी जाए। क्यूआर कोड बंद करें और यात्रियों को टिकट उपलब्ध कराएं।

    पुणे-लोनावला या पुणे-दौंड मार्ग में पुणे से आने-जाने वाले दैनिक यात्रियों की एक बड़ी संख्या है। वर्तमान में उपनगरीय यातायात दोनों मार्गों पर जनता के लिए बंद है। अधिकांश यात्री अब इस सेवा या अन्य विकल्पों का उपयोग कर रहे हैं क्योंकि पीएमपी बस धीमी गति से चल रही है लेकिन इससे यात्रा लागत में भी भारी वृद्धि हुई है। पुणे से लोनावला के लिए ट्रेन का किराया में भारी वृद्धि की गई। नतीजतन नौकरी या व्यवसाय के लिए रोजाना यात्रा करने वालों का आर्थिक गणित चरमरा गया है।