Pimpri-Chinchwad Municipal Corporation

    पिंपरी. राज्य सरकार ने स्थानीय निकाय कर (Local Body Tax) (एलबीटी) रद्द कर दिया है। तब उद्यमियों से पूरी रकम वसूली गई थी, लेकिन अब पिंपरी चिंचवड़ महानगरपालिका द्वारा (Pimpri Chinchwad Municipal Corporation) एलबीटी का नोटिस (LBT Notice) जारी कर उद्यमियों में डर का माहौल बनाया जा रहा है। एलबीटी का नोटिस हमेशा के लिए रद्द करने की मांग पिंपरी चिंचवड़ लघु उद्योग संगठन द्वारा महानगरपालिका कमिश्नर राजेश पाटिल से की गई है। 

    लघु उद्योग संगठन के अध्यक्ष संदीप बेलसरे के नेतृत्व में एक प्रतिनिधि मंडल ने विभिन्न मांगों के लिए महानगरपालिका कमिश्नर राजेश पाटिल से मुलाकात की। इस प्रतिनिधि मंडल में संगठन के सचिव जयंत कड़, पूर्व अध्यक्ष सुरेश म्हेत्रे, निदेशक नवनाथ वायाल, प्रमोद राणे और महानगरपालिका के संबंधित विभाग के अधिकारी शामिल थे। एलबीटी की अमलबाजी शुरू करने के दौरान उद्यमियों ने महानगरपालिका द्वारा मांगे गए सभी कागजात पेश किए थे। इसके बाद भी कागजात जमा करने की मांग की जा रही है। एलबीटी बंद होने के समय उद्यमियों से टैक्स की सभी रकम वसूली गई थी। फिर भी महानगरपालिका द्वारा नोटिस भेजकर उद्यमियों में डर पैदा किया जा रहा है।

    उद्यमियों को राहत देने की मांग

    अगर उद्यमियों के पास एलबीटी की रकम बकाया थी, तो महानगरपालिका द्वारा अब तक इस बारे में क्यों नहीं बताया गया? यह सवाल उठाया जा रहा है। अब महानगरपालिका द्वारा एलबीटी की रकम और उस पर 100 फीसद ब्याज देने की नोटिस उद्यमियों को भेजी गई हैं। एलबीटी बिल की नोटिस हमेशा के लिए रद्द कर उद्यमियों को राहत देने की मांग लघु उद्योग संगठन ने की है। कमिश्नर राजेश पाटिल ने कहा, एलबीटी नोटिस की ठीक से जांच की जाएगी। जिन्होंने एलबीटी की रकम चुकाई है, उनकी नोटिस रद्द की जाएगी। एलबीटी की रकम भरने के लिए जब्त की कार्रवाई नहीं होगी। इसके लिए अवधि बढ़ाने के लिए प्रयास किए जाएंगे।