ST BUS
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    पुणे : एसटी (ST) के राज्य सरकार (State Government) में विलीनीकरण की मांग अब जोर पकड़ रही है। रविवार (Sunday) को पुणे विभाग (Pune Department) के तीन डिपो (Three Depots) बंद हो गए। आधी रात 12 बजे से ही कुछ डिपो बंद है और सोमवार सुबह तक एसटी सेवा बंद हो गई है। कर्मचारी संगठन (Employee Organization) ने इसकी नोटिस (Notice) एसटी प्रशासन (ST Administration) को दी है।

    वहीं दूसरी ओर कर्मचारी संगठन की कृति समिति की ओर से सोमवार को मुंबई में बैठक बुलाई गई है। बैठक में क्या निर्णय होगा इसका इंतजार किए बिना कर्मचारी सोमवार से हड़ताल पर हैं। पुणे में एसटी के पहिए में ब्रेक लग गया है, यहां स्वारगेट, शिवाजीनगर सहित और तीन डिपो बंद है।

    कुछ संगठन अभी हड़ताल के मूड में भी नहीं थे

    स्वारगेट परिसर में सुबह से ही कर्मचारी अचानक हड़ताल पर बैठ गए हैं, ऐसे में लोगों की परेशानी बढ़ गई है। बाहर जानेवाले यात्रियों को पीछे मुड़ना पड़ रहा है। स्वारगेट बस अड्डे के कर्मचारी एसटी डिपो में ही आंदोलन पर बैठे हैं। शिवाजीनगर इलाके में ऐसी ही परिस्थिति दिख रही है। पिछले कई दिनों से अनेक स्टैंड पर कर्मचारी आत्महत्या कर रहे हैं। वहीं कई कर्मचारियों को जबरदस्ती काम पर भेजा जा रहा है। इसलिए कर्मचारियों में नाराजगी है। कुछ संगठन अभी हड़ताल के मूड में भी नहीं थे।

    एसटी प्रशासन ने एडवांस नहीं दिया

    हालांकि कर्मचारी उत्साह से इसमें शामिल हुए हैं। पुणे में राजगुरूनगर, नारायणगांव और इंदापुर के बस डिपो बंद है। हर साल दिवाली में कर्मचारियों को 10 हजार रुपये एडवांस मिलता है, लेकिन इस बार एसटी प्रशासन ने एडवांस नहीं दिया। बोनस के नाम पर सिर्फ ढ़ाई हजार रुपये दिए। ढाई हजार बोनस का क्या करना है। इसलिए अब कर्मचारियों ने आर-पार की लड़ाई लड़ने का फैसला हुआ।