कायर में भुडकेश्वर देवस्थान में कार्तिक पौर्णिमा यात्रा के कारण क्षेत्र में उत्साह

    मुकूटबन. मुकुटबन से 12 किमी की दूरी पर स्थित कायर यह प्राचीन काल से प्रसिद्ध और ऐतिहासिक गांव है. यहां से एक किलोमीटर दूर भुडकेश्वर यह पर्यटनस्थल अपने गर्म झरनों के लिए प्रसिद्ध है.आख्यायिका है की, यहां पर बारहमासी नदी गर्म पानी के एक जीवित झरने से उत्पन्न हुई और बाद में विदर्भ नदी के रूप में जानी जाने लगी.

    भुडकेश्वर बारहमासी पानी वाला घना जंगल है, इसलिए यहां पर कार्तिक पूर्णिमा के अवसर पर यात्रा का आयोजन होता है.पिछले दो वर्षों में, कोरोना महामारी दुनिया भर में फैल गई है, जिससे जीवन अस्त-व्यस्त हो गया इसके चलते यहां पर सरकार ने पूरे त्योहार पर प्रतिबंध लगा दिया था.

    जिससे बिते दो सालों से भुडकेश्वर में कार्तिक पूर्णिमा की यात्रा नही भर पायी थी. लेकिन इस साल बड़ी संख्या में दुकानों और श्रद्धालुओं की भारी भीड़ के कारण इस यात्रा को अपना पुराना स्वरूप मिल गया है. चूंकि यह स्थान कायर क्षेत्र के 35 से 40 गांवों से जुड़ा हुआ है, इसलिए भक्तों यात्रा में पहूंचकर स्नान करने और खाना बनाने में व्यस्त होते है.

    इस वर्ष यहां पर हुडकेश्वर के भक्तों का उत्साह बनाए रखने के लिए यात्रा तथा आयोजन समिति ने यहां पर यज्ञ, भजन, कीर्तन और महाप्रसाद जैसे कार्यक्रमों का आयोजन किया है. जिससे श्रद्धालुओं में उत्साह है.भुडकेश्वर की तीर्थयात्रा पूरे क्षेत्र में प्रसिद्ध होने से यहां पर बडे पैमाने पर लोग पहूंच रहे है.