From 2017, CM Yogi changed the perception, we studied UP and made industrial policy - Satish Mahana

    लखनऊ. उत्तर प्रदेश (Uttar Pradesh) के औद्योगिक विकास मंत्री (Industrial Development Minister) सतीश महाना (Satish Mahana) ने बुधवार को अपने साढ़े चार साल के काम काज का लेखा जोखा जनता के सामने प्रस्तुत किया। उन्होंने कहा कि 2017 से पहले औद्योगिक विकास विभाग चर्चा में नहीं होता था लेकिन 2017 से सीएम योगी (CM Yogi) ने परसेप्शन बदला और हमने यूपी का अध्ययन कर इंडस्ट्रियल पॉलिसी (Industrial Policy) बनाई।

    जिसके चलते आज हमारे पास 10 प्लॉट है तो उस पर 100 एप्लीकेंट्स हैं। जिसमें तमाम लोगों को हमने 25% कि छूट दी, हमने ई-बिडिंग कर बोली लगाकर प्लाट बेचे साथ ही 43% एमओयू साइन किये। इंडस्ट्री डिपार्टमेंट 2017 से पहले चर्चा में नहीं हुआ करता था लेकिन हमने सबसे पहले सोचा कि कौन सी ऐसी पॉलिसी है जिससे इंडस्ट्रीज हमारी तरफ आकर्षित हों। हमने अन्य राज्यों की पॉलिसी का अध्ययन किया और ऐसे लोगों के साथ कई बार बैठक करने के बाद हमने नई पॉलिसी बनाई जिसका परिणाम काफी सकारात्मक रहा है।

    छोटी इंडस्ट्री के लिए हम उद्योग बना कर देंगे

    अपनी उपलब्धियों को बताते हुए मंत्री सतीश महाना ने बताया कि मेडिकल डिवाइस पार्क जेवर एयरपोर्ट के पास में इसकी शुरुआत होगी। केंद्र सरकार ने इसकी मंजूरी दे दी है पूर्वांचल एक्सप्रेसवे पूरी तरह बनकर तैयार है। उत्तर प्रदेश में एक्सप्रेसवे के मुकाबले देश का सबसे बड़ा एक्सप्रेसवे का नेटवर्क और किसी राज्य में नहीं है। इंडस्ट्रियल प्लाटों और उसके एलाटमेंट के बारे में उन्होंने बताया कि हमने निर्णय किया था कि 5 साल बाद इंडस्ट्रियल का प्लॉट कैंसिल कर देंगे इससे रियल इंडस्ट्रीज के लोग हमारे पास आजाएंगे। दादरी में हम इंडस्ट्रियल इंटीग्रेटेड टाउनशिप डेडीकेटेड लेटेस्ट खूबसूरत शहर बनाया जाएगा। छोटी इंडस्ट्री के लिए हम वहां उद्योग बना कर देंगे। 

    4.28 लाख करोड़ के MoU साइन हुए

    महाना ने बताया कि इन्वेस्टर्स समिट में 4.28 लाख करोड़ के MoU साइन हुए थे। 43% MoU इन्वेस्टमेंट में कन्वर्ट हो चुके। वहां काम चालू हो चुका या चालू होने की स्थिति में है। वहीं मेगाइन्वेस्टमेंट को 15 दिन में क्लीयरेन्स मिल जाएगा। इसके अलावा पीएम का समय मिलते ही पूर्वांचल एक्सप्रे-वे का उद्घाटन किया जाएगा। फिलहाल पूर्वांचल एक्सप्रेस-वे पर ट्रैफिक शुरू है। बुंदेलखंड एक्सप्रेस-वे का 75% काम पूरा हो गया है। यूपी में देश का सबसे बड़ा एक्सप्रेस-वे नेटवर्क है। गंगा एक्सप्रेस वे के लिए 93% लैंड अधिग्रहण हमने कर लिया है। वहीं जो लोग कसम खाकर बैठे थे, कि यूपी नहीं आएंगे वह भी आज आ रहे हैं।

    अफसरों की बेहतर टीम

    अपनी टीम और उपलब्धियों के बारे में उन्होंने आगे कहा कि सरकार के 1 साल से भी कम समय में हमने इन्वेस्टर समिट की थी। हमारे पास अफसरों की बेहतर टीम थी। ऑक्सीजन प्लांट लगाने के सभी प्रस्तावों को हमने 15 दिन में अनुमति देकर शुरू कराया। नोएडा में प्लॉट के लिए क्राइटेरिया बनाया गया है। चाइना से सैमसंग की डिस्प्ले यूनिट भी यूपी में लगी। इंडस्ट्रियल प्लॉट लेने वालों को 5 साल के अंदर लगाना होगा।

    सबके सुविधा का ध्यान रखा जा रहा है

    वहीं नोएडा में 886 भूखंडों को आवंटित किया गया। बड़ी-बड़ी कम्पनियां इसमें शामिल हैं। आइकिया इंडस्ट्री को भी प्लाट मिल चुका है। वर्षों से लंबित योजनाएं अब धरातल पर हैं। इंडस्ट्री लगने में ध्यान दिया जा रहा है कि लेबर को 25 किलोमीटर के अंदर ही काम मिले। इंडस्ट्री में काम करने वाले चाहे लेबर हों या मैनेजर हों सबके सुविधा का ध्यान रखा जा रहा है।