ठाणे मेंटल अस्पताल के 9 कर्मियों पर कार्रवाई

  • मरीज की आत्महत्या का मामला

ठाणे. ठाणे के मेंटल अस्पताल (Mental Hospital Thane) में भर्ती 51 वर्षीय महिला मरीज की आत्महत्या के मामले में अस्पताल प्रशासन ने 9 कर्मियों के खिलाफ कार्रवाई की है और इनका तीन साल का वेतन वृद्धि भी रोक दिया गया है. अस्पताल के अधीक्षक डॉक्टर संजय बोबड़े ने उक्त आदेश जारी किया है, जिसमें कहा है कि अस्पताल की तरफ से की गई जांच में सभी 9 लोगों को दोषी पाया गया.

जांच में पाया गया कि जिन दो कर्मचारियों की ड्यूटी महिला पर नजर रखने के लिए लगाई गई थी, उन्होंने उस दिन अपनी ड्यूटी पूरी नहीं की थी और भाऊबीज के चलते अस्पताल से जल्दी निकल गए थे. इसके अलावा गेट पर ड्यूटी पर रहे कर्मचारियों औऱ अस्पताल स्टाफ के 7 लोगों ने उक्त दोनों कर्मियों के ड्यूटी पर से जल्दी जाने के संदर्भ में अस्पताल प्रशासन को सूचित नहीं किया था. इसलिए उन्हें भी जबाबदार करार दिया गया है.

सभी नौ कर्मियों की तीन साल की वेतन वृद्धि पर रोक

सभी नौ कर्मियों की तीन साल की वेतन वृद्धि को रोक दिया गया है. महिला के अचानक आक्रामक होने तथा पूर्व में खुद को नुकसान पहुंचाने की कोशिश की गयी थी. जिसके चलते अस्पताल प्रशासन ने दो महिला कर्मी की नियुक्ति उस पर नजर रखने के लिए विशेष रूप से की गई थी. उसे अन्य महिला मरीजों के बीच से हटाकर अकेले रखा गया था. महिला ने मौका पा कर दोपहर के समय लोहे के बेड के पैर (रॉड) में अपना गला डाल दिया था. परिणामस्वरूप रॉड के गले में घुसने से उसकी सांस रुक गयी थी और मौत हो गयी थी.