Tony Shirwani of BJP became the chairman of Ulhasnagar Municipal Corporation Standing Committee

    उल्हासनगर. उल्हासनगर महानगरपालिका (Ulhasnagar Municipal Corporation) की स्थाई समिति के सभापति (Chairman of Standing Committee) के चुनाव (Election) में भाजपा- आरपीआई गठबंधन के उम्मीदवार दीपक उर्फ टोनी शिरवानी (Tony Shirvani) ने जीत दर्ज की है। महाविकास आघाडी के प्रत्याशी शिवसेना के नगरसेवक कुलवंत सिंह चुनाव प्रक्रिया के समय अपना नाम पीछे ले लिए जाने के कारण शिरवानी निर्विरोध चुने गए। 

    वहीं, मनपा की सभी 4 प्रभाग समिति के अध्यक्ष पद के चुनाव में मनपा में सत्तारूढ़ शिवसेना, टीओके, कांग्रेस व एनसीपी की महाविकास आघाडी ने बाजी मारी है।  बुधवार को महानगरपालिका के सभागृह में ठाणे के जिलाधिकारी राजेश नार्वेकर की देखरेख में चयन प्रक्रिया आयोजित की गई थी। स्टैंडिंग समिति के अलावा मनपा के प्रभाग समितियों के भी चुनाव संपन्न हुए। मनपा के प्रभाग क्रमांक-1 के सभापति के लिए हुए चुनाव में टीओके के हरेश जगयासी विजयी हुए, उन्होंने भाजपा  की मीना कौर लबाना को पराजित किया। 

    प्रभाग नंबर-2 के सभापति के चुनाव में महाविकास आघाडी, टीओके की छाया चक्रवर्ती ने बाजी मारी।  चक्रवर्ती ने भाजपा के वरिष्ठ नगरसेवक महेश सुखरमानी को पराजित किया। आरपीआई के नगरसेवक व उपमहापौर भगवान भालेराव चुनाव प्रक्रिया के अवसर पर अनुपस्थित रहे, जिससे छाया चक्रवर्ती ने आसानी से जीत दर्ज की। भाजपा व आरपीआई एक साथ होने के बावजूद आरपीआई नगरसेवक द्वारा अनुपस्थित रहना राजनीतिक हल्कों के चर्चा का विषय है। जब इस संदर्भ में पत्रकारों ने उपमहापौर भगवान भालेराव से बात की तो उन्होंने कहा कि टीओके के ओमी कालानी व युटीए के सुमित चक्रवर्ती से मेरे अच्छे संबंध है इसलिए मैंने इस तरह का निर्णय लिया। भालेराव का कहना है कि उन्होंने पार्टी के वरिष्ठों को भी अवगत करा दिया है। प्रभाग समिति क्रमांक -3 पर साई पार्टी के संस्थापक जीवन ईदनानी के नेतृत्व वाली साई पार्टी की दीप्ति दुधानी सफल रही। दुधानी ने भाजपा के रवि जगयासी को पराजित किया। साई पार्टी की जीत महाविकास आघाडी में आने से आसान हुई।

    पुलिस का पुख्ता बंदोबस्त 

    प्रभाग-4 पर शिवसेना के विकास पाटिल का कामयाब हुए। महाविकास आघाडी के विकास पाटिल में एनसीपी की बागी सुमन सचदेव को हराया। मनपा के इन चुनाव को लेकर मनपा मुख्यालय ने पुलिस छावनी का रूप ले लिया था। एसीपी डीडी टेले तथा मध्यवर्ती पुलिस के वरिष्ठ  निरीक्षक सुधाकर सुरडकर के मार्गदर्शन पुलिस का पुख्ता बंदोबस्त रखा गया था।