आठ महीने बाद खुला चेन्नई का मरीना बीच, जानें क्या है नियम

कोरोना वायरस की वजह से पूरी दुनिया में मचा उथल पुथल आज भी शांत नहीं हुआ है। इस दौरान देश के पर्यटन स्थलों को भी पर्यटकों के लिए बंद कर दिया गया था। जिसकी वजह से भी देश की इकॉनमी पर बहुत असर पड़ा है। लेकिन अब धीरे-धीरे इन जगहों को लोगों के लिए खोला जा रहा है। इस क्रम में लगभग आठ महीने के बाद चेन्नई के मरीना बीच को पर्यटकों के लिए खोल दिया गया है। वहीं तमिलनाडु के सभी समुद्र तट और पर्यटन स्थलों को सोमवार से पर्यटकों के लिए खोल दिया गया है।

मरीना बीच पर पहले दिन पर्यटकों की भारी संख्या देखी गई है। यहाँ आकर लोग खूब एन्जॉय करते हुए नज़र आए हैं। मरीना बीच पर लगे दुकान के मालिक भी बेहद खुश हैं और उन्होंने सरकार द्वारा मरीना बीच खोलने के फैसले का स्वागत भी किया है। मरीना बीच पिछले आठ मार्च से कोरोना महामारी की वजह से पर्यटकों के लिए पूरी तरह से बंद कर दिया गया था। इसके चलते दुकान भी बंद पड़े थे।  

नियम-
राज्य सरकार ने मरीना बीच जाने के लिए कुछ नियम भी बनाएं है। मरीना बीच पर एक साथ 200 लोगों को जाने की अनुमति दी गई है। हालांकि, इस में स्थिति को देखते हुए संशोधन भी किया जा सकता है। मतलब है कि सुविधा अनुसार, पर्यटकों की संख्या घटाई या बढ़ाई भी जा सकती है। इसके अलावा ग्रेटर चेन्नई कॉरपोरेशन ने मरीना बीच के विक्रेताओं को ठेला गाड़ी आवेदन प्रस्तुत करने के लिए आमंत्रित किया है। राजस्व अधिकारी विभाग में 21 दिसंबर से 26 दिसंबर तक फॉर्म उपलब्ध होंगे। विक्रेताओं को दो सेट फॉर्म भरने होंगे, जबकि अधिकारी 6 जनवरी को अंतिम सूची जारी करेंगे।