CM Yogi seen in the role of guardian among children, asked, how is your health, no problem

    गोरखपुर. “कैसी तबियत है?, दवाई और भोजन समय से मिलता है ना? किसी प्रकार की कोई दिक्कत तो नहीं?” गोरखपुर (Gorakhpur) के बीआरडी मेडिकल कॉलेज (BRD Medical College) के 100 बेड के इंसेफेलाइटिस वार्ड (Encephalitis Ward) की आईसीयू (ICU) और हाइ डिपेंडेंसी यूनिट में भर्ती बच्चों व उनके परिजनों से यह सवाल सीएम योगी आदित्यनाथ (CM Yogi Adityanath) पूछ रहे थे, तब उनकी भूमिका मुख्यमंत्री नहीं, एक अभिभावक, एक बेहद आत्मीय जन की लग रही थी। 

    कोरोना नियंत्रण को लेकर मंगलवार को गोरखपुर दौरे पर पहुंचे मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ एम्स और जिला अस्पताल में पीडियाट्रिक आईसीयू का निरीक्षण करने के बाद मेडिकल कॉलेज पहुंचे।  यहां उन्होंने 100 बेड इंसेफेलाइटिस वार्ड के भवन में आईसीयू वार्ड व हाइ डिपेंडेंसी यूनिट का जायजा लिया और भर्ती बच्चों व उनके परिजनों से बातचीत की। 

    अंशिका और सना को वेंटीलेटर पर देख भावुक हुए योगी

    आईसीयू वार्ड में वेंटिलेटर पर भर्ती दो बच्चियों बस्ती की अंशिका और देवरिया की सना को देखकर वह भावुक हो गए। कुछ देर रुककर वह अपलक उन्हें स्नेह से निहारते रहे। उन्होंने मौजूद मेडिकल स्टाफ को निर्देशित किया कि इन बच्चियों का इलाज गंभीरता से किया जाए। आईसीयू के बाद सीएम योगी हाइ डिपेंडेंसी यूनिट पहुंचे। यहां भर्ती सिसवा, महराजगंज की छह साल की मासूम सौम्या को उन्होंने दुलारा। सौम्या ने उन्हें प्रणाम किया तो आशीर्वाद देते हुए मुख्यमंत्री ने उससे पूछा, कैसी हो, क्या हुआ है, अब कोई परेशानी तो नहीं? मुख्यमंत्री का स्नेह पाकर सौम्या चहक उठी, बोली-अब ठीक हूं महाराज जी। सीएम योगी ने सौम्या के पिता द्वारिकानाथ से यहां उपलब्ध दवा व भोजन की व्यवस्था के बारे में पूछा। उन्होंने बताया कि सबकुछ समय पर मिलता है। मुख्यमंत्री ने बस्ती की रिया, मेरठ की कुलसुम, गोरखपुर के अर्पण आदि बच्चों को भी प्यार-दुलार किया और उनके तबियत के बारे में पूछा। मेरठ की कुलसुम के पिता गोरखपुर में नौकरी करते हैं। सीएम से मिलकर ये बच्चे और उनके अभिभावक बेहद खुश थे। परिजनों ने कहा कि हमे तो लगा ही नहीं कि हमारे व हमारे बच्चों के बीच मुख्यमंत्री हैं, ऐसा लगा कि घर का कोई अभिभावक हमारे पास है।