जानें विवाह के गठबंधन में क्यों बांधी जाती है ये 5 चीजें?

विवाह हो या कोई पूजा पाठ वर-वधू या शादी शुदा जोड़ो का गठबंधन किया जाता है। ऐसी मान्यता है कि पूजा करते समय यदि शादी शुदा व्यक्ति यदि जोड़ो में ना हो तो पूजा सफल नहीं मानी जाती। पर क्या आप ये जानते

विवाह हो या कोई पूजा पाठ वर-वधू या शादी शुदा जोड़ो का गठबंधन किया जाता है। ऐसी मान्यता है कि पूजा करते समय यदि शादी शुदा व्यक्ति यदि जोड़ो में ना हो तो पूजा सफल नहीं मानी जाती। पर क्या आप ये जानते हैं कि गठबंधन के समय पल्लू या दुपट्टे में पांच चीजें क्यों बांधी जाती है। इसमें सिक्का, हल्दी, पुष्प, अक्षत और दूर्वा का समावेश होता है। आइये जानते है परांपरा से जुड़े इस विधान के महत्तव के बारे में …..

सिक्का: यह धन का प्रतीक माना जाता है। इसे इसलिए बांधा जाता है क्योंकि किसी एक का इसपर पूर्ण अधिकार ना होकर बल्कि दोनों का इसपर समान अधिकार होगा।

पुष्प : फूल को प्रसन्नता और शुभकामनाओं का प्रतीक माना गया है। साथी एक दूसरे को देखकर सदैव हंसते-खिलखिलाते रहें। साथ ही एक-दूसरे को देखकर वे हमेशा प्रसन्न रहे इसलिए पुष्प को गठबंधन में बांधा जाता है।

हल्दी: एक-दूसरे का शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य सदैव ठीक बना रहें। हल्दी को छूने से रंग और सुगंध चढ़ता है इसलिए दोनों में आपसी परामर्श हमेशा रहे इसलिए हल्दी को बंधा जाता है। वहीं हल्दी को आरोग्य और गुरू का प्रतीक माना गया है।

दूर्वा यानी दूब घास: यह एक दूसरे की प्रेम भावना को कभी मुरझाने नहीं देता। दूर्वा का जीवन तत्व कभी नष्ट नहीं होता सूख जाने के बावजूद पानी डालने पर यह फिर से हराभरा हो जाता है। इसी प्रकार दोनों में अटूट प्रेम और आत्मीयता बनी रहे इसलिए दूर्वा को गठबंधन में बांधा जाता है।

अक्षत (चावल):  इसे अन्नपूर्णा का प्रतीक माना जाता है। अपका साथी जितना भी कमाएं दोनों आपस में बांट कर खाएं। आप हमेशा परिवार के प्रति उत्तरदायित्व और सेवाभाव रखे।