संकट: बारिश की झड़ी, बाकली नदी उफान पर, बाढ़ से आर्वी-तलेगांव मार्ग हो गया प्रभावित, नागरिकों की बढ़ी परेशानी

    वर्धा. विगत सात दिनों की प्रतीक्षा के बाद बुधवार को दिनभर बारिश की झड़ी लगी रही. आर्वी तहसील के बाकली व आड नदी में बाढ़ आने से आर्वी तलेगांव रोड पर वर्धमनेरी के पास की पुलिया के ऊपर से पानी बहने लगा, जिससे 4 घंटे तक यातायात अवरुद्ध रहा.

    दिनभर बारिश के शावर से फसलों को संजीवनी मिलने के साथ ही उमस से भी राहत मिली. गत सात दिनों से जिले से बारिश नदारद हो गई थी. इस दौरान मंगलवार की शाम कुछ स्थानों पर वर्षा हुई, लेकिन बुधवार को सुबह से ही बारिश की झड़ी लगी रही. रूक-रूककर होने वाली बरसात से मौसम सुहाना हो गया. आसमान में काले बादलों का डेरा रहने के साथ ही कभी तेज तो कभी धीरे-धीरे बारिश होती रही. बारिश के कारण सड़कों पर पानी जमा हो गया. बारिश के फुहारों से खरीफ के फसलों को संजीवनी मिली है. 

    बारिश की फुहारों से फसलों को नवसंजीवनी 

    गत कुछ दिनों से बारिश गायब रहने से फिर फसलें संकट में पड़ गई थी. साथ ही तेज धूप के कारण उमस से नागरिक परेशान हो गए थे. ग्रामीण क्षेत्र में तो बारिश की बेसब्री से प्रतीक्षा की जा रही थी. अनेकों ने वरुणराजा को प्रसन्न करने के लिए धोंडी तक निकाली. आखिरकार मंगलवार को कुछ स्थानों पर बारिश ने दस्तक दी. वहीं गुरुवार को समूचे जिले में बारिश का वापस आगमन होने से किसानों के साथ नागरिकों में भी हर्ष की लहर है. दिनभर बारिश की झड़ी रहने से अनेकों ने घर में रहना ही पसंद किया. वहीं कामकाज के सिलसिले में ही लोग बाहर निकलते दिखायी दिये.

    बाकली तथा आड़ नदी में बाढ़ से बढ़ी परेशानी 

    आर्वी-तलेगांव रोड पर वर्धमनेरी के पास की पुलिया के ऊपर से पानी के बहाव की वजह से 4 घंटे से वाहन तथा आवागमन बंद रहा. तीन साल से शुरू आर्वी तलेगांव 10 किमी के सड़क चौड़ाईकरण के काम में अधिकारियों की लापरवाही बरतने की वजह से नागरिकों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है. वर्धमनेरी के पास नए बनाए गए पुल को सड़क चौड़ाईकरण के काम के दौरान तोड़ा गया. दो साल पहले तोड़े गए इस पुल को अबतक नहीं बनाया गया है.

    इस वजह से बुधवार को सुबह 4 बजे शुरू हुई बारिश की वजह से बाकली नदी तथा आड नदी जो बाकली नदी को मिलती है उसमें बाढ़ आ गयी. इस दौरान पुलिया में कचरा फंसने से पुराने पुलिया के ऊपर से बाढ़ का पानी बहने लगा, जिससे लगभग चार घंटे से यातायात प्रभावित हो गया. 

    24 घंटे में 29.92 मिमी हुई बारिश

    जिले में मंगलवार सुबह 8 बजे से बुधवार सुबह 8 बजे तक लगभग सभी क्षेत्र में बारिश हुई. 24 घंटे में 29.02 मिमी बारिश दर्ज की गई, जिसकी औसत 3.63 फीसदी है. वर्धा तहसील में 2.82 मिमी, सेलू 1 मिमी, देवली 4 मिमी, हिंगनघाट 2.89 मिमी, समुद्रपुर 2.90 मिमी, आर्वी 6.06 मिमी, आष्टी 6 मिमी, कारंजा घाड़गे 3.25 मिमी बारिश हुई. 

    जिले में 2 बांध अभी भी है सूखे

    जिले में 11 बड़े व मध्यम बांध है, जिनमें से दो बांधों में अभी तक जलसंचय नहीं होने से दो बांध अभी भी सूखे है. इसमें मदन उन्नई बांध व सुकली लघु प्रकल्प का समावेश है. वहीं बोर प्रकल्प 50.59 फीसदी, निम्न वर्धा 67.79 फीसदी, धाम प्रकल्प 28.21 फीसदी, पोथरा प्रकल्प 68.26 फीसदी, पंचधारा प्रकल्प 31.54 फीसदी, डोंगरगांव 31.79 फीसदी, मदन प्रकल्प 41.95 फीसदी, लाल नाला 64.88 फीसदी, वर्धा कार नदी प्रकल्प 20 फीसदी जलसंग्रह हुआ है.