किसानों ने रोका रास्ता, कलेक्ट्रेट परिसर में दिया धरना

वर्धा. दिल्ली में चल रहे किसान आंदोलन के समर्थन में गुरुवार को जिले में भी विविध संगठनों ने आंदोलन किया. महात्मा गांधी प्रतिमा परिसर में किसान अधिकार अभियान, युवा सोशल फोरम सहित विविध समाजिक संगठन व किसानों ने धरना दिया. जबकि वर्धा-नागपुर मार्ग पर कान्हापुर में किसानों ने रास्ता रोको किया. इससे एक घंटे तक मार्ग की यातायात बाधित रहा.

1 घंटे ठप रहा यातायात

किसान विरोधी तीन कानून के खिलाफ दिल्ली में किसानों का आंदोलन चल रहा है.  आंदोलन को सभी स्तर से समर्थन मिल रहा़ इसी तर्ज पर केंद्र सरकार के निषेध में गुरुवार को आंदोलन किया गया. किसान अधिकार अभियान के नेतृत्व में कान्हापुर में दोपहर 12 बजे रास्ता रोको किया गया.

आक्रोशित किसान अचानक सड़क पर उतर आये. इससे एक घंटे तक मार्ग की यातायात अवरुध्द रहा. दोनों छोर पर वाहनों की लंबी कतारें लग गई थी. किसानों ने केंद्र सरकार के खिलाफ नारेबाजी की. पुलिस की मध्यस्था से आंदोलनकारियों को हटाया गया. इसके बाद मार्ग की यातायात सुचारु हुआ.

आंदोलन में सुदाम पवार, विट्ठल झाडे, गोविंदा पेटकर, प्रफुल्ल कुकडे, गोपाल दुधाने, विजय वाघाडे, सागर महाकालकर, जीवन बेले, मंगेश डोने, रामु भोयर किसान शामिल हुए. दूसरी ओर किसान अधिकार अभियान, युवा सोशल फोरम, महिला किसान अधिकार मंच के नेतृत्व में गांधी प्रतिमा परिसर में धरना आंदोलन किया गया.

इस समय केंद्र सरकार के खिलाफ नारेबाजी की गई. तत्पश्चात शिष्टमंडल ने जिलाधिकारी के माध्यम से राष्ट्रपति व प्रधानमंत्री को निवेदन भेजा गया. आंदोलन में अविनाश काकडे, सुदाम पवार, सुधीर पांगुल, प्रा़ नुतन मालवी, गोपाल दुधाने, प्रफुल्ल कुकडे, विट्ठल झाडे सहित विविध संगठन के पदाधिकारी, सदस्य व किसान शामिल हुए.