मोबाईल की तड़प बनी प्रिया के जान की दुश्मन

वर्धा. मोबाईल ने विश्व की जानकारी मुठ्ठी में कर ली है. किंतु मोबाईल का निरंतर उपयोग अब सभी के लिये एक घातक बन रहा है. इसी लत के चलते मोबाईल चोरी होने से अस्वस्थ हुई युवती ने अपनी जिवनलीला को ही पुर्णविराम दे दिया. यह घटना देवली तहसील के गिरोली (इंगले) में सोमवार को घटी.

जानकारी के अनुसार गिरोली निवासी प्रिया दिलीप मेश्राम (20) अपने माता से अलग होकर दादी के साथ रहती थी. प्रिया का मोबाईल घटना के तीन दिन पुर्व घर से चोरी हुआ था. उसने अपनी सहेली समेत परिसर के नागरिकों से पुछताछ की. किंतु मोबाईल उसे नहीं मिला. मोबाईल चोरी होने की शिकायत देवली थाने में दर्ज की गई. मोबाईल चोरी होने से प्रिया मानसिक रूप से परेशान हुई. गत तीन दिनों से उसके व्यवहार में भी काफी बदलाव आया था ऐसी जानकारी परिजनों व गाववासियों ने नवभारत को दी. इसी दुविधा में सोमवारी की सुबह प्रिया अचानक घर से निकली. मकान से सटे चाफले निवास परिसर में स्थित कुएं में उसने छलांग लगाई.

सुबह का समय होने के कारण इसकी भनक तक किसी को नहीं लगी. सुबह प्रिया घर से नदारद रहने चर्चाओं बाजार गरमाया. दादी समेत उसके परिवार व पडोसियों ने खोजबिन आरंभ की. किंतु प्रिया का कही पर भी ठिकाणा नही लगा. नागरिकों ने परिसर व खेतों के कुएं भी देखे. दोपहर 12.30 बजे चाफले के कुंए में झांककर देखने पर प्रिया की लाश दिखाई दी. तुरंत इसकी सुचना देवली पुलिस को दी गई. पुलिस ने प्रिया की लाश निकालकर पोस्टमॉर्टम के लिये भेज दी. गत रात्रि प्रिया पर गिरोली अन्त्यसंस्कार किया गया.पडोसी व रिश्तेदारों ने बताया की, प्रिया कॉलेज में पढाई करती थी.अपनी उपजीविका के लिये कपडे सिलाई का काम करती थी. फुरसत पलों में अकसर मोबाईल पर प्रवचन सुनती थी. मोबाईल चोरी होने के कारण वह परेशान थी. इसी परेशानी में वह गत तिन दिनों से कशमकश थी. इसी कारण उसने यह कदम उठाने की जानकारी है. प्रिया अपने माता से अलग होकर दादी के साथ रहती थी.