Now the crisis on crops from Toldhakali - Agriculture Department advised to be cautious

वाशिम. जिले में इस वर्ष वार्षिक औसतन की तुलना में 25 प्रतिशत अधिक बारिश हुई है़  जिससे जलस्त्रोत में भरपुर जल भंडारण होने से कुओं के जलस्तर में बड़ी मात्रा में वृध्दि हुई है़  इस कारण से रबी फसल के क्षेत्रों में भारी मात्रा में वृध्दि हो गई है. कृषि विभाग के क्षेत्र के नियोजन की तुलना में 1 प्रतिशत अधिक क्षेत्रों पर बुआई होकर इस में चना व गेहूं फसल की बुआई का क्षेत्र बढ़ गया है़  अभी भी गेहूं फसल की बुआई के लिए समय रहने से जिले में रबी फसल की बुआई क्षेत्र में अधिक वृध्दि होने की संभावना कृषि विभाग व्दारा बताई जा रही है़ 

जिले में औसतन 82,246 हेक्टेयर क्षेत्रों पर रबी फसल की बुआई होती है़  लेकिन इस बार जिले में वार्षिक औसतन की तुलना में 25 प्रतिशत अधिक बारिश हुई है़  जिससे जलप्रकल्पों में शत प्रतिशत जलभंडारण हुआ है़  कुए व अन्य जलस्त्रोतों में जलस्तर बढ़ गया है़  कृषि विभाग ने वार्षिक औसतन से अधिक रबी फसल की बुआई का नियोजन किया है़  इस के लिए आवश्यक बीज, खाद उपलब्ध किए है़  जिले में 10 दिसंबर तक 83,432 हेक्टेयर से अधिक क्षेत्रों पर बुआई हुई है़.

इस में चना फसल का क्षेत्र 54,937 हेक्टेयर रहते हुए वर्तमान स्थिति में 55 हजार हेक्टेयर से अधिक क्षेत्रों पर बुआई हुई है़  गेहूं का क्षेत्र 23,572 हेक्टेयर अपेक्षित रहते हुए भी 25,899 हेक्टेयर पर बुआई हुई है़  मक्का, रबी ज्वार सहित अन्य फसल का क्षेत्र घट गया है़  इस में ज्वार की 2,737 हेक्टेयर पर बुआई अपेक्षित होते हुए प्रत्यक्ष में 751 हेक्टेयर, मक्का की बुआई 299 हेक्टेयर अपेक्षित होते हुए 247 हेक्टेयर, अन्य फसल की बुआई 362 हेक्टेयर पर अपेक्षित होते हुए केवल 73 हेक्टेयर क्षेत्रों पर बुआई हुई है़ 

करड़ई की बुआई संतोषजनक 

जिले में कुछ वर्षो में करड़ई की बुआई की ओर किसानों ने उदासिनता बताई है़  जिससे यह फसल अल्प होने के संकेत मिल रहे थे़  प्रत्यक्ष में इस फसल का औसतन क्षेत्र 533 हेक्टेयर पर होते हुए जिले में 200 हेक्टेयर पर भी बुआई नही होती थी़  लेकिन इस बार पोषक वातावरण व पर्याप्त बारिश से 311 हेक्टेयर पर बुआई हुई है़ 

गेहूं की बुआई क्षेत्र बढ़ने की संभावना

जिले में इस बार वार्षिक औसतन की तुलना में अधिक बारिश हुई है़  जिससे जलस्त्रोतों में पर्याप्त जलभंडारण हुआ है़  रबी फसल विशेषता में गेहूं फसल को पर्याप्त पानी देना संभव होने से इस फसल पर किसानों का रुझान अधिक बढ़ रहा है़  गेहूं की बुआई जनवरी तक शुरू रहने से इस वर्ष गेहूं फसल का क्षेत्र 30 हजार हेक्टेयर तक बढ़ने का विश्वास कृषि विभाग ने व्यक्त किया है़.