83 गांवों में बाढ़ के खतरे की संभावना

वाशिम. विगत दो, तीन दिनों से सतत बदलते मौसम के कारण बारिश की आहट महसूस की जा रही है़ बारिश के मौसम में निर्माण होने वाली संभावित बाढ़ की परिस्थिति से निपटाने के लिए प्रशासन ने तैयारी कर ली है़ जिले

वाशिम. विगत दो, तीन दिनों से सतत बदलते मौसम के कारण बारिश की आहट महसूस की जा रही है़ बारिश के मौसम में निर्माण होने वाली संभावित बाढ़ की परिस्थिति से निपटाने के लिए प्रशासन ने तैयारी कर ली है़ जिले में बाढ़ बाधित 83 स्थान है. इन संबंधित गांवों में बाढ़ के खतरे की संभावना जताई जा रही है़ इस दृष्टि से बाढ़ समस्या नियंत्रण के लिए पूर्व नियोजन करते हुए जलसंपदा विभाग व्दारा बाढ़ नियंत्रण कक्ष की स्थापना की गई है़

पैनगंगा जिले की मुख्य नदी
जिले के रिसोड, मालेगांव, वाशिम, मंगरुलपीर, कारंजा व मानोरा ये छह तहसीलों में तापी खोरे , तो पुर्णतहा पैनगंगा उपखोरे में आते है़ पैनगंगा यह जिले की मुख्य नदी होकर इसका उद‍्गम बुलढाना जिले के अंजिठा डोंगर से हुआ है़ यह नदी वाशिम, यवतमाल जिले से बहती और आगे चंद्रपुर जिले के बाढ़स्थित वर्धा नदी को मिल जाती है़ इसके अलावा चंद्रभागा, अडान, अरुणावती, गोदावरी तापी, कांच, पूस यह उप नदीया भी जिले से बहती है़ इन नदियों में बारिश के दिनों में बाढ़ आने पर वाशिम तहसील के तोंडगाव, केकत उमरा, आडगाव बु, गणेशपुर, तामसाला, कोकलगाव, बोरखडी, वारला, वाई, अडोली ,शिरपुटी ,धुमका, जयपुर, उकली पेन, कलंबा महाली, धानोरा खु आदी गावें बाधित होने की संभावना बनी रहती है़.

इसी प्रकार से रिसोड तहसील से बहनेवाली पैनगंगा ,कांच नदी को बाढ़ आनेपर तहसील के अंचल,नेतनसा, गोवर्धन, मांगूलझनक, बोरखडी , एकलासपुर,धोडप बु़ देगाव, सरपखेड, गोहगाव, लिंगा कोतवाल , चिंचाबापेन, किनखेडा, बालखेड, आसेगांव पेन, देवुलगाव बंडा, वरुडतोडा, मोठेगाव, रिठद आदि गांव बाधित होती है़ मंगरुलपीर तहसील से बहनेवाले अडाण,अरुणावती, स्वासीन नदी में बाढ़ आने पर इस तहसील के पिंपरी, गणेशपुर, शिवणी रोड, धोत्रा, जोगलदरी, कोलंबी, सावरगांव व मोझरी इन गांवों में खतरा निर्माण होने की संभावना रहती है़ मानोरा तहसील से बहनेवाली अरुणावती, पुस इन नदियों में बाढ़ आने पर इस तहसील के मानोरा, कारखेडा, बोराली, कोंडोली, साखरडोह, हिवरा बु़ ,सिंगडोह, धामणी, गव्हा , विठोली, धावंदा, आसोला खु, गोस्ता, आमगव्हाण, गिरोली आदि गांव बाधित होते है़.

कारंजा तहसील से बहनेवाले बेंबला नदी में बाढ़ आने पर तहसील के पोहा, शिवनी बु़ ,लाडेगांव, कामठा, ब्राम्हणवाडा, हिंगणवाडी, शिरसोली, बेलखेड, हिवरा लाहे आदी गांव बाधित हो सकती है़ इसी प्रकार से मालेगांव तहसील से बहने वाली काटेपूर्णा व मोर्णा नदी में बाढ़ आने पर तहसील के वाघी बु, तिवली, बोराला जहा़ पांगराबंदी, मेंडशी, पिंपलखेडा, वाडी रामराव, दुबलवेल,वाकलवाडी यह गांव बाधित होने की अधिक संभावना रहती है़ इसे देखते हुए संभावित बाढ़ के खतरे पर नियंत्रण पाने के लिए नियोजन किया जा रहा है़