Nawaz Sharif's brother Shahbaz was sent to jail in money laundering case

लाहौर. पाकिस्तान (Pakistan) में विपक्ष के नेता एवं पीएमएल-एन प्रमुख शहबाज शरीफ (PML-N chief Shahbaz Sharif) को मंगलवार को जवाबदेही अदालत ने आय के ज्ञात स्रोतों  (Money laundering case) से अधिक सम्पत्ति और धनशोधन के मामले में 14 दिनों की हिरासत में भेज दिया। शहबाज शरीफ को एक दिन पहले ही राष्ट्रीय जवाबदेही ब्यूरो (एनएबी) ने यहां गिरफ्तार किया था। पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री नवाज शरीफ के छोटे भाई शहबाज को सोमवार को लाहौर उच्च न्यायालय परिसर से तब हिरासत में ले लिया गया था जब अदालत ने 700 करोड़ रुपये के धनशोधन मामले में उनकी जमानत अर्जी खारिज कर दी थी। पंजाब प्रांत के पूर्व मुख्यमंत्री शहबाज शरीफ (69) को मंगलवार को जवाबदेही अदालत के न्यायाधीश जवाद-उल-हसन के समक्ष पेश किया गया।

शहबाज ने अदालत से अनुरोध किया कि वह उनके वकील के बजाय उन्हें दलीलें पेश करने की इजाजत दे। अदालत ने यह अनुरोध स्वीकार कर लिया। उन्होंने कुछ भी गलत करने से इनकार किया और कहा कि प्रधानमंत्री इमरान खान की एनएबी के साथ गठजोड़ ने देश में जवाबदेही का मखौल उड़ाया है और वे केवल विपक्षी नेताओं को निशाना बना रहे हैं। उन्होंने कहा, ‘‘मेरे खिलाफ धनशोधन के आरोप आधारहीन हैं। मैं कोई व्यापार नहीं करता। मेरे अभिभावकों ने व्यापार को स्थापित करने के लिए कड़ी मेहनत की और उसे मेरे बच्चों को हस्तांतरित कर दिया।” शहबाज ने कहा कि पंजाब प्रांत का मुख्यमंत्री रहते उन्होंने जनता के लाभ के लिए जो निर्णय लिये उनसे उनके बड़े भाई नवाज के और उनके (शहबाज) पुत्र हमजा के व्यापारों को करोड़ों रुपये का नुकसान हुआ। दलीलों के बाद न्यायाधीश ने शहबाज को 14 दिनों की हिरासत में भेजने के एनएबी के अनुरोध को स्वीकार कर लिया तथा आदेश दिया कि उन्हें 13 अक्टूबर को फिर से अदालत में पेश किया जाए।

अदालत ने निर्देश दिया कि शहबाज की ‘प्रदर्शन रिपोर्ट’ को भी इस मामले का हिस्सा बनाया जाए। शहबाज की गिरफ्तारी अगले महीने उनकी पार्टी पाकिस्तान मुस्लिम लीग-नवाज (पीएमएल-एन) द्वारा प्रधानमंत्री खान के इस्तीफे की मांग को लेकर किये जाने वाले प्रदर्शन से पहले की गई है। इस बीच, ‘डॉन’ अखबार की खबर के मुताबिक, लाहौर की एक जवाबदेही अदालत ने धनशोधन मामले में मंगलवार को शहबाज की पत्नी नुसरत और बेटी राबिया इमरान के खिलाफ भी गैर-जमानती गिरफ्तारी वारंट जारी किए। इसके मुताबिक, मामले की सुनवाई में अदालत के समक्ष पेश होने में नाकाम रहने के बाद यह वारंट जारी किए गए हैं। वहीं, नवम्बर 2019 से लंदन में रह रहे नवाज शरीफ ने अपने भाई की गिरफ्तारी पर कड़ी प्रतिक्रिया जतायी।

उन्होंने ट्वीट किया, ‘‘शहबाज की गिरफ्तारी अनुचित और अस्वीकार्य है। इमरान खान सरकार ने अन्याय के सभी रिकार्ड तोड़ दिये हैं लेकिन हम ऐसे हथकंड़ों के आगे नहीं झुकेंगे।” वहीं पीएमएल-एन की उपाध्यक्ष मरियम नवाज ने भी अपने चाचा एवं पार्टी अध्यक्ष शहबाज की गिरफ्तारी की निंदा की और कहा कि उन्हें उनके भाई शरीफ के साथ खड़े होने के लिए दंडित किया जा रहा है। पाकिस्तान पीपुल्स पार्टी के अध्यक्ष बिलावल भुट्टो जरदारी ने भी शहबाज की गिरफ्तारी की निंदा की और कहा कि प्रधानमंत्री खान विपक्षी दलों द्वारा उनकी सरकार को सत्ता से हटाने के लिए एक गठबंधन करने के बाद से चिंतित हैं। (एजेंसी)