NASA Moon
Photo : NASA

वॉशिंगटन. अमेरिकी अंतरिक्ष एजेंसी नासा (NASA) को बड़ी सफलता हात लगी है। नासा ने चांद पर पानी की खोज कर ली है। इस बात की जानकारी खुद नासा ने सोमवार को दी है। नासा के Stratospheric Observatory for Infrared Astronomy (SOFIA) ने चंद्रमा के सनलिट सरफेस पर पानी होने की पुष्टि की है। सोफिया (SOFIA) ने क्लेवियस क्रेटर में पानी के मॉलिक्यूल (H2O) का पता लगाया है।

चांद पर पानी मिलना एक बड़ी सफलता है। भविष्य में चांद पर जानेवाले अंतरिक्ष यात्रियों को इसका फायदा होगा। इसका उपयोग पीने और रॉकेट ईंधन उत्पादन के लिए भी किया जा सकेगा।

सोफिया ने चंद्रमा के दक्षिणी गोलार्ध में स्थित, पृथ्वी से दिखाई देने वाले सबसे बड़े गड्ढों में से एक क्लेवियस क्रेटर में पानी के अणुओं (H2O) का पता लगाया है। इससे पहले के हुए अध्ययनों में चांद की सतह पर हाइड्रोजन के कुछ रूप का पता चला था, लेकिन पानी और करीबी रिश्तेदार माने जाने वाले हाइड्रॉक्सिल (OH) की खोज नहीं हो सकी थी।

वॉशिंगटन में नासा मुख्यालय में विज्ञान मिशन निदेशालय में एस्ट्रोफिजिक्स डिवीजन के निदेशक पॉल हर्ट्ज ने कहा, “हमारे पास पहले से संकेत थे कि H2O जिसे हम पानी के रूप में जानते हैं, वह चांद के सतह पर सूर्य की ओर मौजूद हो सकता है। अब हम जानते हैं कि यह वहां है। यह खोज चांद की सतह की हमारी समझ को चुनौती देती है। इससे हमें और गहन अंतरिक्ष अन्वेषण करने की प्रेरणा मिलती है।”