महज़ कुछ घंटों में स्वीडन की पहली महिला PM ने छोड़ी अपनी कुर्सी, अचानक दे दिया इस्तीफा

    स्वीडन: स्वीडन (Sweden) की पहली महिला प्रधानमंत्री मेगडालेना एंडरसन (PM Magdalena Andersson) ने एक अपने एक कदम से सबको हैरान कर दिया है। उन्होंने अचानक अपने पद से इस्तीफा दे दिया है। जिसके बाद हर जगह उनकी ही चर्चा की जा रही है। मेगडालेना एंडरसन देश की प्रधानमंत्री चुने जाने के महज़ कुछ घंटों बाद ही संसद को अपना इस्तीफा दे दिया। बता दें कि, एंडरसन इससे पहले वित्त मंत्री थीं। 

    आपको बता दें कि, संसद में बजट प्रस्ताव गिरने के साथ ही सरकार में शामिल हुए सहयोगी घटक दल ग्रीन पार्टी (Green Party) ने सरकार से अपना समर्थन वापस ले लिया। जिसके बाद शपथ लेने के सिर्फ 12 घंटों के भीतर प्रधानमंत्री ने इस्तीफा दे दिया। देश की अधिकारिक न्यूज़ एजेंसी के इस खबर की पुष्टि की है। इस इस्तीफे के बाद लोगों का कहना है कि जिसके नेतृत्व में हम विकास और आगे बढ़ने की सोच रहे थे, ऐसे में उनका इस्तीफा बेहद हैरान करने वाला है।

    द गार्जियन में प्रकाशित रिपोर्ट की मानें तो इस्तीफा देने के बाद एंडरसन ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा कि फैसला लेना उनके लिए बेहद मुश्किल था। क्योंकि यह उनकी गरिमा से जुड़ा हुआ है। लेकिन, वह ऐसी सरकार का नेतृत्व नहीं करना चाहती, जिसकी वैधानिकता पर सवाल उठाए जा रहे हों। हालांकि एंडरसन ने देश की संसद के स्पीकर एंड्रियास नोरलेन से कहा है कि वह अब भी ‘सोशल डेमोक्रेटिक’ की एक पार्टी की सरकार का नेतृत्व करने के लिए तैयार हैं।

    गौरतलब है कि, स्वीडन की 349 सदस्यीय संसद में 117 सांसदों ने एंडरसन के पक्ष में जबकि 174 ने विरोध में वोट दिया। 57 सांसदों ने मतदान में हिस्सा नहीं लिया जबकि एक सांसद अनुपस्थित रहा। कुल मिलाकर 174 सांसदों ने एंडरसन के विरोध में मतदान किया , लेकिन स्वीडन के संविधान के अनुसार यदि कम से कम 175 सांसद किसी व्यक्ति के खिलाफ नहीं हैं, तो उसे प्रधानमंत्री नियुक्त किया जा सकता है।