रेत की अवैध यातायात करनेवाले 3 ट्रक पकडे

  • 17 ब्रास रेत समेत 42 लाख 80 हजार रू. की सामग्री जब्त
  • ट्रक चालक गिरफ्तार, शिरपुर पुलिस की कार्रवाई,

वणी. रेत घाट का लिलाव नही होने पर भी पैनगंगा नदी से अवैधरूप से रेत निकाली जा रही है. इस रेत की यातायात करनेवाले  2 हायवा और 1 ट्रक शिरपूर पुलिस ने पकडा. इस कार्रवाई में  17 ब्रास रेत समेत 42 लाख 80 हजार रु. की सामग्री जब्त कर तिनों ट्रक चालक को गिरफ्तार किया है. इस कार्रवाई से रेत तस्करों में खलबली मची है. राजस्व विभाग का काम अब पुलिस विभाग करने से राजस्व विभाग की कार्यप्रणाली पर सवालीया निशान निर्माण हुआ है. पैनगंगा नदी के वडा और जुगाद गाव के समीप रात के समय चोरी कर उसकी अवैध यातायात होने की जानकारी शिरपूर के थानेदार सचिन लुले को मिली थी.

इस आधार पर उन्होने रात को इस क्षेत्र में गश्त लगाकर शिंदोला से आबईफाटा रास्ते पर रेत की यातायात करनेवाले 3 ट्रक पकडे. पुलिस ने हायवा एमएच 29 बीई 7474, एमएच 34  बीजी 8793 और एमएच 34 एबी 7713 जब्त किया. इसमें ले जा रही 17 ब्रास रेत भी जब्त की है. चालक अमोल मेश्राम निवासी मोहदा, तैराम सिमून वडा निवासी शिंदोला और शेख मूर्तजा निवासी मुकूटबन को पुलिस ने गिरफ्तार किया है. इस कार्रवाई में पुलिस ने आरोपी के खिलाफ धारा 379 नुसार अपराध दर्ज किए है. आरोपी को पुलिस ने अदालत में पेश करने पर तिनों आरोपी को अदालत ने एमसीआर दिया है.

अवैध धंधो के लिए राजनैतिक दल का इस्तेमाल?

प्राप्त जानकारी नुसार राजस्व विभाग के आशीर्वाद से वणी तहसील में रेत की तस्करी शुरू है. एक राजनैतिक दल के पदाधिकारी के सहयोग से गत दो माह से पैनगंगा नदी से दिनरात रेत निकाली जा रही है. एक रात में लगभग 8 से 10 हायवा रेत की यातायात होती है. निर्माणकार्य व्यावसायीक और नीजी लोगों को 6 हजार रु. प्रति ब्रास रेत बेची जाती है. इसमें सभी के हिस्से होने की जानकारी है. मैनपावर की कमी और रेत तस्करों द्वारा हमले का डर बताकर राजस्व विभाग रेत माफीया को छुट देने की चर्चा है.  शिरपूर पुलिस ने पकडे रेत ट्रक पर नियमनुसार कार्रवाई हुई तो लाखों रु. का जुर्माना प्राप्त हो सकता है. 

राजस्व  विभाग और रेत तस्करों में साठगाठ?

दो दिन पहले चिखलगांव में रेती तस्करों पर कार्रवाई हुई थी. इसके बाद तुरंत शिरपूर पुलिस ने रेती तस्करों पर कार्रवाई की. रेत तस्करी रोकना राजस्व विभाग का काम है. लेकिन अब पुलिस विभाग राजस्व विभाग का काम कर रहा है. जिससे राजस्व विभाग की कार्यप्रणाली पर सवाल उठ रहे है. जिसकी चर्चा शहर में शुरू है. इस ओर एसडीओ ध्यान दे ऐसी मांग हो रही है.