Research on the effects of having corona have revealed long-term effects on one out of every 10 people even eight months after mild covid-19

  • कोविड संविदा कर्मचारी: 30 जून तक का कार्यकाल

यवतमाल. कोरोना वायरस संक्रमण दर में गिरावट आ रही है. ऐसे हालातों में अनुबंध के आधार पर काम करने वाले कर्मचारियों को 30 जून तक का एक्सटेंशन दिया गया है. कोरोना की दूसरी लहर थम गई है, और मरीज नहीं मिले तो संविदा कर्मियों को फिर से निकाल दिया जाएगा. इससे पहले स्वास्थ्य विभाग ने पहली लहर थमने के बाद स्टाफ को घर भेज दिया था. हालांकि, जैसे ही संकट बढ़ा, उन्हें काम पर वापस बुला लिया गया.

संविदा कोविड कर्मचारी उदारतापूर्वक सेवा कर रहे हैं. उन्हें न तो मानदेय मिलता है और न ही कोई सुविधा. ऐसे में वे गंभीर रूप से बीमार मरीजों के सीधे संपर्क में आ जाते हैं और अपनी जान बचाने के लिए संघर्ष करते हैं. इस कार्य की सराहना करने के बजाय सुविधा का उपयोग किया जा रहा है. 16 हजार पदों पर भर्ती प्रक्रिया में भी कोविड में कार्यरत संविदा कर्मचारियों को प्राथमिकता दिए जाने की उम्मीद है. इसे सकारात्मक नहीं माना गया है. कोविड में सेवा करते हुए कर्मचारी परीक्षा की तैयारी नहीं कर पाए. अब घर में फुल टाइम पढ़ाई करने वालों से होड़ करना गलत है.

आठ कोविड केयर सेंटर बंद

जिले में कोरोना संक्रमण दर अब 1.45 हो गई है. इससे कोरोना मरीजों की संख्या में कमी आई है. प्रशासन ने हर तहसील में कोविड केयर सेंटर और सीसी सेंटर स्थापित किए थे. मरीजों की संख्या की समीक्षा जारी रहेगी. यवतमाल शहर में दस कोविड केयर सेंटर थे. उनमें से आठ मरीजों की कमी के चलते केंद्र बंद किए थे. जहां कोविड सेंटर बंद रहेगा वहां काम करने वाले ठेका स्वास्थ्यकर्मी भी बंद रहेंगे.

समय आने पर फोन किया, फिर निकाल दिया!

पहली लहर थमने पर कोविड सेंटर बंद करके मरीजों को आइसोलेशन में रखा गया था. फिर एक और लहर आई. यह लहर कम होने के कारण कर्मचारियों को कम किया जा रहा है.

-नयंती वैद्य.

महामारी के दौरान कोविड-19 के ठेका कर्मचारी दिल खोलकर सेवा कर रहे हैं. सरकार इन पर सकारात्मक विचार करे, कम से कम 11 माह के कार्यादेश व भर्ती को प्राथमिकता दे.

-कविता बोले.

सरकार की भूमिका अन्यायपूर्ण है. संकटकाल में किए गए कार्यों पर सहानुभूतिपूर्वक विचार किया जाए, 16 हजार पदों पर भर्ती को प्राथमिकता दी जाए.

-प्रांजलि शिंदे.

ऐसे हैं आंकड़े

जिले में कुल कोविड केयर सेंटर:34

इस केंद्र के लिए अनुबंधित कर्मचारी: 350

वर्तमान में चल रहा केंद्र: 26

बंद केंद्र: 8

कुल मरीज 72419

ठीक हुए मरीज: 69877