‘मेरा परिवार, मेरी जिम्मेदारी’ अभियान से शिक्षकों को दूर रखे

  • विविध शिक्षक संगठनों ने सौंपा मांग का ज्ञापन

पुसद. ‘मेरा परिवार, मेरी जिम्मेदारी’ अभियान से शिक्षकों को दूर रखकर जनप्रतिनिधि एवं स्वास्थ्य विभाग द्वारा नियुक्त स्वयंसेवकों द्वारा करने की मांग का ज्ञापन रविवार को पुसद के गुटविकास अधिकारी को शिक्षकों के विभिन्न संगठन ने सौंपा है. लॉकडाउन के दौरान और बाद में भी शिक्षकों को कोविड-19 में प्रभावित क्षेत्रों का सर्वेक्षण किया, चेक पोस्ट ड्युटी, मजदूरों की जांच, काल सेंटर तथा गांव-गांव वाहनों के माध्यम से नागरिकों में जनजागृति का कार्य किया. 

इस बीच, संबंधित शिक्षा अधिकारी ने स्थानीय प्रशासन से उन शिक्षकों की बर्खास्तगी के बारे में संपर्क किया है, जिनकी सेवाएं सरकार के परिपत्र 17 अगस्त 2020 तथा राज्य के मुख्यमंत्री की विडोओ कॉन्फरन्ससिंग तथा 24 जून 2020 को शासन परिपत्रक के मार्गदर्शक सूचना क्रं. 1.4 अनुसार जिन शिक्षकों की सेवा कोविड-19 बीमारियों से संबंधित कार्यों के लिए अधिगृहीत की गई हैं, उन शिक्षकों को कार्यमुक्त करने के बारे में संबंधित शिक्षाधिकारी को स्थानीय प्रशासन से संपर्क कर कोविड-19 के कार्यों से कार्यमुक्त करने की कार्यवाही करने के स्पष्ट निर्दिश रहते हुए भी पुसद पंचायत समिति गुटविकास अधिकारी ने पुसद तहसील 321 शिक्षकों को ‘मेरा परिवार, मेरी जिम्मेदारी’ इस काम के लिए नियुक्त किया, जिससे इन कामों से शिक्षकों से न कराने की मांग पुसद पंचायत समिति के गुटविकास अधिकारी शिवाजी गवई को प्रहार शिक्षक संगठना, एकल शिक्षक संगठना, पुरानी पेंशन हक संघटन के शुद्धोधन कांबले, संजय मस्के ,अनिल दुम्हारे,अशोक चव्हाण, ब्रम्हानंद राठोड,साहेबराव राठोड, शंकर चांदेकर, प्रदीप मोहटे, भगत, अभिजित बोरकर, मारकड, राऊत,वाघोडे ,भुस्कुटे ,मधुकर मोरझडे ,खुडे,आलने, बांगर, हातमोडे, उमेश दूधाने,राठोड आदि ने सौंपा. बयान की प्रतियां शिक्षा राज्य मंत्री विधायक बच्चू कडू, मुख्यकारी अधिकारी, शिक्षाधिकारी व संबंधित को दी गई हैं.

बॉक्स: जैसा कि शिक्षक को दिए गए ऐप के लॉगिन में आशावर्कर का मोबाइल नंबर दर्ज किया जाना है, भले ही शिक्षक यह काम कर रहा हो, लेकिन लागिन उसके नाम पर नहीं किया गया है.