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यवतमाल. वर्तमान में खरीफ मौसम शुरू हो चुका है. बुआई का काम भी पूर्ण होने की कगार पर है. जल्द ही फसलों पर कीटनाशकों का छिड़काव किया जाएगा. किसान, खेतमजदूरों को कीटनाशकों के छिड़काव के समय विषबाधा होने संभावना अधिक होती है. इसलिए विषबाधा पर नियंत्रण पाने के लिए सुरक्षित छिड़काव के बारे में जनजागृति अभियान चलाने के निर्देश जिलाधिकारी एम. डी. सिंह ने दिए हैं. 

ग्राम स्तरीय समितियों का गठन
इस जनजागृति अभियान को चलाने के लिए तहसील व ग्राम स्तरीय समितियों का गठन किया गया है. तहसील स्तरीय समिति की स्थापना तहसीलदार की अध्यक्षता में की गई है. तहसील कृषि अधिकारी यह सदस्य सचिव होंगे. पटवारी, ग्रामसेवक, पुलिस पाटिल व आशा वर्कर यह सदस्य रहेंगे. समिति द्वारा गांव में छिड़काव करनेवाले खेतमजदूरों की मांग के अनुसार सुरक्षात्मक किट वितरित की जाएगी. विषबाधा जनजागृति अभियान अंतर्गत सुरक्षित छिड़काव किया जाएगा. सोशल डिस्टेसिंग के नियम का पालन कर प्रचार व प्रसार किया जाएगा. 

होगी स्वास्थ्य जांच
छिड़काव करनेवाले किसान, खेतमजदूरों के स्वास्थ्य जांच के लिए कैंप का आयोजन किया जाएगा. लाल रंग के त्रिकोण वाले कीटनाशकों के बजाय वैकल्पिक कीटनाशकों का उपयोग करने के लिए किसानों को प्रवृत्त करने, सुरक्षात्मक किट बिना पहने छिड़काव करते पाए जाने पर उस किसान, खेतमजदूर को इसके प्रतिकूल प्रभाव के बारे में जानकारी देने का कार्य भी समिति द्वारा किया जाएगा. 

छिड़काव के दौरान किसानों को छिड़काव से पहले स्वच्छ स्नान करने, पेट भर नाश्ता करने, बीड़ी, सिगरेट, तमाकु, खर्रा, शराब आदि मादक पदार्थ का सेवन न करें, छिड़काव का कामकाज निपटने के पश्चात स्नान करने की सलाह दी.