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नेर. नेर तहसील में एसबीआई बैंक के सर्वाधिक खाताधारक है. बैंक में लोगों की भीड बढने से बैंक में सामाजिक दूरी के पालन की धज्जियां उड रही है, एक ओर कोरोना महामारी का संक्रमण तेजी से फैल रहा है. कोरोना के समय अनलाक होने के बाद, कई बैंकों ने अपने बैंकिंग व्यवहार के लिए उपाययोजनाएं की है. लेकिन यहां किसी का नियंत्रण नहीं दिखाई दिया. एसबीआई में लॉकडाउन खत्म होने एवं अनलाक के दौरान बैंक में लोगों की भीड देखकर सोशल डिस्टन्सिंग नियम का पूर्ण रूप से उल्लंघन होता दिखाई दे रहा है. विशेष रूप से महिला अपने बच्चों हाथ में लकर लाईन में खडी दिखाई दे रही है.

मिराज तालुका के 52 गांवों में से अधिकांश, नेर शहर के मुख्य शाखा एसबीआई में आते है. जिससे कईयों ने अपने व्यवहार सुचारू होने के लिए खाते खोले है. लेकिन बैंक में अपर्याप्त कर्मचारियों व बैंक में उपलब्ध जगह को ध्यान में लेते हुए खातधारकों को त्रासदी का सामना करना पड रहा है. यह पता चला है कि कई लोगों को भीड़ के कारण सांस लेने में कठिनाई हो रही है. यह उल्लेखनीय है कि इस स्थान पर कोई सुरक्षा नहीं थी. कई लोगों के मुंह पर मास्क भी नहीं थे, बैंक के दस्तावेज बैंक परिसर के बाहर संस्था में पडे थे. कईयों ने सेविंग व विड्राल करने के लिए दस्तावेज लेने के लिए कर्मचारियों की ओर जाना पडता है, यह अवस्था देखकर खाताधारकों में रोष व्याप्त होने की जानकारी है.

महिला और पुरुषों की कतारें एक साथ, बैंक के अंदर ग्राहकों के कतार में महिला व पुरुष एकसाथ खडा रहने से महिलाओं को असुविधा का सामना करना पड रहा है, कई महिलाओं ने अपने सुरक्षा के बारे में प्रश्न उपस्थित किया है और इस संबंध में कोई शाखा प्रबंधक नियंत्रण नहीं देखा गया है. इसके विपरीत, कई लोगों ने मौखिक रूप से शिकायत की है कि कर्मचारी ग्राहकों के साथ अशिष्ट व्यवहार कर रहे हैं. इसलिए, नागरिकों ने वरिष्ठों से मांग की है कि एसबीआई शाखा में जल्द कर्मचारी बढाकर ग्राहकों को सुविधा प्रदान करें.

बाहर खाता खोलने की सूचना, कई पीडित ग्राहकों ने खाता खोलनेवाले कर्मचारियों से अनुरोध करने पर उन्हें बाहर की शाखा से खाता निकालने की सूचना देने, अब एसबीआई के कार्यप्रणाली पर प्रश्न चिन्ह उठ रहा है.