सरकारी कपास खरीद केंद्र जल्द शुरू करें

  • विधायक सासने ने कलेक्टर और विपणन विभाग को सौंपा पत्र

उमरखेड. महाराष्ट्र स्टेट को-ऑपरेटिव कॉटन ग्रोवर्स मार्केटिंग फेडरेशन मर्या. डिवीजनल ऑफिस यवतमाल और कॉटन कॉर्पोरेशन ऑफ इंडिया लिमिटेड ने यवतमाल जिले में अन्य स्थानों पर कपास खरीद केंद्र शुरू किए हैं. उमरखेड सेंटर आर्णी के कपास खरीद केंद्र से जोडा गया है. जिससे उमरखेड व महागाव तहसील के कपास उत्पादक किसानों द्वारा उत्पादित कपास सरकारी केंद्र पर बिक्री करने के संबंध से आर्णी जाना पड रहा है.

उमरखेड तहसील के भूगोल को ध्यान में रखते हुए, दराटी से उमरखेड की दूरी 60 किमी है. और उमरखेड से आर्णी तक 65 किमी. ऐसा कुल 125 कि.मी. इतनी लंबी दूरी के कारण, कपास उत्पादक किसानों को समय, कपास के परिवहन की यात्रा वाहन के खर्च और अन्य मामलों पर खर्च अधिक हो रही है और उमरखेड और महागांव तालुका के किसानों को इसका खामियाजा भुगतना पड़ रहा है.

इसके अलावा उमरखेड तालुका में, उमरखेड तहसील के शेतकरी सहकारी जिनिंग और प्रेसिंग सोसाइटी. 104 यह राज्य में संचालित होने वाली एकमात्र जिनिंगप्रसिंग युनिट कार्यरत होकर महागांव तहसील में कोई अन्य कपास प्रसंस्करण उद्योग चालू नहीं है. जैसा कि उमरखेड़ और महागांव तालुका में सभी किसान इस प्रक्रिया उद्योग के माध्यम से कपास की सरकारी खरीद पर निर्भर हैं, उमरखेड़ में सरकारी कपास खरीद केंद्र को तुरंत शुरू करना बहुत महत्वपूर्ण है.