सोयाबिन के नुकसान के पंचनामे कर बीमा सहायता दे

  • किसानों ने ज्ञापन सौंपा

पुसद. सोयाबीन की फसल ऐन कटाई के कगार पर रहते समय लगातार बारिश के कारण सोयाबीन के फसल को नुकसान हुआ है. नुकसानग्रस्त क्षेत्र का सर्वेक्षण कर फसल बीमे की सहायता उपलब्ध कराने की मांग किसानों ने तहसील कृषि अधिकारी को ज्ञापन सौंपकर की है. 

प्रतिवर्षानुसार इस वर्ष किसानों ने अपने खेतों में सोयाबीन की बुआई की. गुणवत्ताहीन बीजो की वजह से कई किसानों को दो से तीन बार बुआई करनी पडी थी. इतना होकर हालात सोयाबीन के फसल के लिए अच्छे थे, फल्लियां भी उगी और अच्छी आय होने का अनुमान भी था, लेकिन कुछ दिनों पूर्व अचानक भारी बारिश से सोयाबीन की फल्लियां अंकुरीत होने लगी. इस बारिश के कारण उडदी, देवतांडा, हौसापूर के सैकडों हेक्टेयर की फसल को भारी क्षति हुई.

क्षतिग्रस्त क्षेत्र का जल्द से जल्द कृषि विभाग द्वारा सर्वेक्षण करने और नुकसान का मुआवजा दिलाने की मांग ज्ञापन से उमाजी दुम्हारे, गणेश इंगले, प्रेमदास मोरे, भगवान मलघणे, जिवन मोरे, सुखदेव वाडगे, रामराव  इंगले, दिगांबर मलघणे, सुखदेव दुम्हारे एवं परिसर के किसानों ने की है. ज्ञापन की प्रतियां कृषि मंत्री महाराष्ट्र राज्य, जिला कृषि अधिकारी, उपविभागीय कृषि अधिकारी व तहसीलदार को सौंपी है.