यवतमाल समेत पांढरकवडा, वणी में ‘उमेद’ महिलाओं का मुकमोर्चा

यवतमाल. यवतमाल शहर समेत पांढरकवडा, वणी में आज ‘उमेद’ महिलाओं ने अपनी विविध मांगों को लेकर मुकमोर्चा निकाला गया.  ‘उमेद’ इस महत्वाकांक्षी अभियान का निजीकरण किया जा रहा है, राज्य ग्रामीण जीवन्नोती अभियान के कर्मचारियों ने आज विरोध में यवतमाल के आजाद मैदान से मोर्चा निकाला. जिलाधिकारी कार्यालय पर निकाले इस मोर्चे में सैकडों की तादाद में महिलाएं शामिल होने की जानकारी आयोजकों ने दी है. इस अभियान में परिवारों की 2 लाख 50 हजार 222 महिलाएं शामिल है.

2 लाख परिवारों के सामाजिक समावेश की प्रक्रिया को अंजाम दिया जा रहा है. हालांकि, कोई पूर्व सूचना दिए बिना, सरकार ने जिले में विभिन्न पदों पर कार्यरत कर्मचारियों की सेवाओं को अचानक समाप्त कर दिया है. जैसा कि निजीकरण हो रहा है, महिला कर्मचारियों ने आज सडक पर उतरकर प्रशासन के सामने अपनी मांगें रखी. मोर्चा का नेतृत्व महेश पवार, मनिषा काटे आदि ने किया. दिवाकर नागपुरे ने कहा कि, आयटक संगठन ने इस मोर्चे को अपना समर्थन घोषित किया है.

कडी धुप में आजाद मैदान पहुंची महिलाएं, चिलचिलाती धूप में उमेद के कर्मचारी स्थानीय आजाद मैदान मास्क लगाकर पहुंचे. प्रवेश द्वारा पर सभी के हाथों पर सैनिटाइजर का छिडकाव किया जा रहा था. कुछ ही घंटों में हजारों की संख्या में महिलाएं मैदान में इकट्ठा हो गई. दोपहर 1 से 1.30 बजे तक महिलाओं का आना जारी रहा. इस बीच चिलचिलाती धूप में बारिश के लिए लाई गई छतरियां इन महिलाओं धूप से बचने के लिए काम आयी. छतरिया खोलकर महिलाएं मैदान में बैठक कर मोर्चे शुरू होने का इंतजार कर रही थी. इस समय प्रबोधन गीत के माध्यम  से किया जा रहा था.