नालियों में बजबजा रही गंदगी, ग्राम पंचायत का उदासीन रवैया

    पालांदूर. वाकल ग्राम पंचायत सफाई पर हर वर्ष कई रुपये खर्च करती है, लेकिन गांव की नालियों की हालत आज भी जस की तस है. नालियों की सफाई नहीं हो रही है, नालियों की सफाई नहीं होने से गंदगी बजबजा रही है, गंदा पानी जमा होने से डेंगू, मलेरिया जैसी बीमारियां फैलने का अंदेशा है.

    बारिश का मौसम शुरू हो गया है, लोगों के घरों से सड़कों से निकल रहा पानी नालियों में जमा हो रहा है, इससे बीमारियां फैलने का भ्रम पैदा हो गया है. नालियों की सफाई नहीं होने से जमा हुआ पानी लोगों के घरों में बहने लगा है, लेकिन ग्राम पंचायत प्रशासन इस ओर ध्यान नहीं दे रही है. बारिश के मौसम से पहले नालियों की सफाई बेहद जरूरी है. लेकिन गांव की सभी नहरों की सफाई अभी तक नहीं हुई है. नालियों की सफाई नहीं होने से मच्छरों का प्रकोप बढ़ रहा है और नालियों की सफाई के बिना मच्छरों से निजात पाना मुश्किल है, फिर भी ग्राम पंचायत प्रशासन इस ओर ध्यान नहीं दे रहा है. 

    बुनियादी सुविधाओं का भी अभाव

    लोगों का कहना है कि नालियों की सफाई नहीं हो रही है, ग्राम पंचायत का टैक्स देने के बाद भी ग्राम पंचायत प्रशासन बुनियादी सुविधाएं तक नहीं दे रही है. कोरोना के कार्यकाल में स्वच्छता पर बहुत ध्यान दिया गया है और बारिश के मौसम में पानी के संचय को रोकने के लिए नालियों की सफाई की जाती है. ताकि डेंगू, मलेरिया, टाइफाइड जैसी बीमारियां न फैले, फिर भी कोई भी ग्राम पंचायत स्वच्छता पर अधिक ध्यान देते हुए दिखाई नहीं देती है.