फंड के अभाव में रेंग रहा नगर पालिका का निर्माणकार्य, पुरानी इमारत से चल रहा काम

    चिमूर: 5 वर्ष पूर्व स्थापित नगर पालिका के लिए क्षेत्रीय विधायक कीर्तिकुमार भांगडिया के प्रयासों से तत्कालीन सरकार ने नपा की इमारत को मंजूरी देकर 10 करोड रुपए के फंड को मंजूरी दी थी. इस निधि से चिमूर न्यायलय और क्रीडा संकुल में बीच में चिमूर नगर पालिका की दो मंजिला इमारत का निर्माण किया जा रहा है. किंतु अब निधि के अभाव से काम ठप पडा है. नतीजा पुरानी ग्राम पंचायत की इमारत से नगर पालिका का कामकाज चल रहा है.           

    क्रांतिभूमि में अनेक वर्षो से चिमूर क्रांति जिला और नगर पालिका की मांग की जा रही है. विधायक भांगडिया के प्रयासों से 30 मई 2015 को चिमूर नगर पालिका अस्तित्व में आई. नगर पालिका कार्यालय का काम पुरानी ग्रापं की कम जगह से चलाया जा रहा है. भविष्य की बढ़ती जनसंख्या और काम की व्यापकता को ध्यान में रखकर विधायक भांगडिया ने सरकार से पत्राचार कर इमारत और फंड को मंजूरी दिलाई. 

    विधायक की मांग इमारत की आवश्यकत को ध्यान में रखकर तत्कालीन मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने मंजूरी दी. सार्वजनिक निर्माणकार्य विभाग ने निविदा जारी कर ठेकेदार को काम सौंप दिया. ठेकेदार ने दिवानी व फौजदारी न्यायालय और क्रीडा संकुल इमारत के बीच में नगर पालिका के इमारत का निर्माणकार्य शुरु किया. नगर पालिका इमारत के सामने के दो मंजिला का काम पूर्ण हो चुका है. किंतु पीछे और दोनों बाजू का काम पिछले डेढ वर्ष से ठप पडा है.

    निधि की कमी के चलते निर्माणकार्य ठप पड़ा होने की जानकारी है. निधि न मिलने से ठेकेदार काम करने में असमर्थ है. शासन चिमूर नगर पालिका इमारत के लिए निधि उपलब्ध करा निर्माणकार्य को पूरा कराये. क्योंकि आने वाले दिनों में शहर की जनसंख्या बढने से काम की व्यापकता भी बढ़ने वाली है जिससे पुरानी ग्राम पंचायत की जगह कम पडने से असुविधा होगी.