कीटनाशकों के उपयोग में बरते सावधानी, छिड़काव के दौरान होती है कई बार विषबाधा

    गोंदिया. जिले में खरीफ मौसम खेती-किसानी की तैयारी जोरों पर है. किसान खेतों की जुताई कर रहे हैं. इसी बीच 8 जुलाई की रात्रि से हो रही बारिश से किसानों को राहत मिली है और कृषि कार्यों को गति मिली है.

    गत कुछ दिनों से बारिश ने मुंह मोड़ लिया था और किसान चिंता में पड़ गए थे लेकिन गुरुवार की रात्र से जिले में लगभग अधिकांश क्षेत्रों में अच्छी बारिश की खबर है. अच्छी फसलों के लिए खाद के साथ की फसलों को रोग से बचाने के लिए बडे पैमाने पर कीटनाशक का उपयोग किया जाता है. अनेक बार कीटनाशक के छिड़काव के दौरान विषबाधा की घटना होती है.

    इससे इस दौरान समुचित उपाय योजना आवश्यक है. कीटनाशक मनुष्य व अन्य प्राणियों के लिए जानलेवा साबित हो सकते हैं, इसलिए फसल पर कीटनाशक छिड़कते समय आवश्यक सावधानी लेनी चाहिए. जानकार बताते हैं कि कीटनाशक डिब्बे के साथ उसके दुष्परिणाम व उस पर उपाय योजनाएं लिखी रहती है वह पहले पढ़नी चाहिए. 

    तकलीफ पर तत्काल डाक्टरी सलाह लें

    खेतों में कीटनाशक छिड़काव के दौरान सिरदर्द, पसीना, जी मचलना जैसे लक्षण पाए जाने पर छिड़काव तत्काल रोके व खुली जगह पर बैठे, तकलीफ होने पर नमक का पानी पीने से उल्टी द्वारा जहर बाहर निकलता है, आंख में जलन होने पर आंखों को हाथ न लगाएं, थाली या कोई पात्र में पानी लेकर आंखों को खोलना बंद करना यह क्रिया करते रहे तथा डाक्टर से इलाज करवाएं. 

    हवा की दिशा में छिड़काव 

    कीटनाशक दवाइयों का छिड़काव तेज हवा में नहीं करना चाहिए. इसके अतिरिक्त छिड़काव हमेशा हवा की दिशा में ही करना चाहिए, इस दौरान हाथों में रबर के दस्ताने पहने, मिश्रण बनाते समय लाठी या अन्य चीज का उपयोग करें, छिड़काव पूर्ण होने तक चश्मा ग्लोब्स, मुंह पर मास्क या दुपट्टे से मुंह को ढंके, सर्दी बुखार रहने पर छिड़काव न करें, बच्चों को छिड़काव का काम न दे, हवा की गति धीमी रहने के समय हवा की दिशा में सुबह या शाम को छिडकाव किया जाना चाहिए, कड़ी धूप तथा तेज हवा में कीटनाशक छिड़काव से बचना चाहिए.

    मिश्रण बनाने से लेकर छिड़काव पूर्ण होने तक खाना, पीना, तंबाकू या स्मोकिंग न करे, उत्पादक कंपनी की सिफारिश के अनुसार पानी में कीटनाशक की मात्रा मिलाएं, टूटे फूटे स्प्रे पंप से छिड़काव नहीं करना चाहिए, अच्छे दर्जे का पंप या नोजल इस्तेमाल करें, नोजल साफ करते समय मुंह से फूंक न मारे, छिड़काव पूर्ण होने पर साबुन से हाथ साफ करें.