More than 50,000 people have died due to corona in Britain so far

नागपुर: अब कोरोना का प्रभाव कम होता नजर आ रहा है. लेकिन डाक्टरों की सलाह है कि जब तक वैक्सिन उपलब्ध नहीं हो जाती, तब तक नियमों का पालन आवश्यक है. लेकिन बाजारों सहित अन्य सार्वजनिक स्थानों पर सोशल डिसटेंसिंग का पालन नहीं करने और मास्क को लेकर बरती जा रही लापरवाही की वजह से खतरा बरकरार है. इस बीच बुधवार को 21 मरीजों की मौत के साथ ही अब तक कुल मौत 3000 तक पहुंच गई है. इनमें ग्रामीण के 5 और सिटी के 8 मरीजों का समावेश रहा. 

कोरोना का प्रभाव कम होने से अब स्थिति सामान्य होती नजर आ रही है. डाक्टरों का कहना है कि यदि लोगों द्वारा नियमों का पालन किया गया तो बीमारी का खतरा कम रहेगा. मास्क का सतत उपयोग अनिवार्य है. साथ ही सोशल डिसटेंसिंग भी जरुरी है. जब तक बीमारी से निपटने के लिए वैक्सिन उपलब्ध नहीं हो जाता तब तक खुद के स्वास्थ्य की जिम्मेदारी संभालना आवश्यक होगा. बुधवार को चौबिस घंटे के भीतर जिले में 6160 लोगों की जांच की गई. इनमें 429 लोगों में संक्रमण की पुष्टी हुई. इसके साथ ही अब तक कुल संक्रमितों की संख्या 91988 हो गई है. 

बुधवार को विविध अस्पतालों में भर्ती 457 मरीजों को ठीक होने के बाद छुट्टी दी गई. इस तरह अब तक जिले में कुल 82896 मरीज ठीक हो चुके है> फिलहाल रिकवरी रेट बढ़कर 90.12 फीसदी तक पहुंच गया है. वर्तमान में जिले में कुल एक्टिव केस 6092 है. इनमें करीब 1900 मरीज अस्पतालों में भर्ती है. जबकि शेष मरीज होम आयशोलेशन में इलाज करा रहे हैं. अगले सप्ताह तक पाजिटिव मरीजों की संख्या में और कमी आने की उम्मीद है. 

91988 कुल संक्रमित 

3000 की मौत 

82896 हुये ठीक 

429 बुधवार को पाजिटिव