Pimpri-Chinchwad Municipal Corporation

पिंपरी. शिवसेना की नगरसेविका अश्विनी चिंचवडे ने शिकायत की है कि पिंपरी चिंचवड़ मनपा के ‘ब’ क्षेत्रीय कार्यालय के तहत आनेवाले चिंचवड़ गांव में जारी विकासकामों की गति बेहद धीमी है। इंफ्रास्ट्रक्चर, ड्रेनेज, 24 घंटे जलापूर्ति, स्मार्ट सिटी, इलेक्ट्रिक संबन्धी विकासकामों के अधिकारी वर्ग में समन्वय नहीं है। कार्य गुणवत्तापूर्ण और समय पर नहीं हो रहा है। मनपा प्रशासन का ठेकेदारों, सलाहकारों व अधिकारियों पर कोई नियंत्रण नहीं रहा है। ठेकेदार तो अपनी मर्जी के मालिक हो गए हैं और अधिकारी सुस्त हो गए हैं। इससे आम नागरिक परेशान हो रहे हैं।

विकासकामों की जांच की मांग

चिंचवड़े-पाटिल ने ‘ब’ क्षेत्रीय कार्यालय के तहत जारी विकासकामों की जांच की मांग मनपा आयुक्त श्रावण हार्डिकर से की है। इस संबंध में उन्होंने मनपा आयुक्त को ज्ञापन सौंपा है, जिसमें उन्होंने कहा है कि, मनपा के विकास कार्य जगह-जगह पर चल रहे हैं।‘ब’ क्षेत्रीय कार्यालय के तहत भी विभिन्न कार्य जारी हैं। काम करने वाले ठेकेदारों और सलाहकारों पर अधिकारियों का कोई नियंत्रण नहीं है।सब काम राम भरोसे चल रहा है।

जलापूर्ति में दिक्कत

नगरसेविका ने कहा कि चिंचवड़ में श्री मोरया मंदिर परिसर, पवनानगर, रस्टन कालोनी, शिवाजी मंडल, तानाजीनगर, पागेची तालीम, मारुति मंदिर में चल रहे कार्य बेहद धीमी गति से हो रहे हैं।पानी की पाइपलाइन फटने, बिजली की केबल टूटने से दो-दो दिनों तक बिजली गुल है। पहले ही शहर में एक दिन छोड़कर जलापूर्ति की जा रही है। ऐसे में अगर पानी की पाइपलाइन में लीकेज हो है तो नागरिकों को तीन-तीन दिनों तक पानी नहीं मिल रहा है। सड़क पर मलबा पड़े रहने से छोटे बच्चों, महिलाएं और बुजुर्ग छोटी- बड़ी दुर्घटनाओं के शिकार हो रहे हैं।