If your child is tired, include these vitamins in his food

-सीमा कुमारी 

बच्चों को लेकर हम सभी काफी चिंतित रहते है, की बच्चों को क्या खिलाये, और क्या न खिलाये और इस समय तो कोरोना वायरस को देखते हुए और भी मुश्किल होने लगी हैं. क्योंकि बच्चे स्कूल नहीं जा पा रहे हैं, इसलिए बच्चों में शारीरिक मानसिक गतिविधियों का कम होना उन्हें मोटापा और डायबिटीज जैसी बीमारियों का खतरा हो सकता है. बच्चे घर में बैठे-बैठे सुस्त होते जा रहे है और ना ही बाहर खेलने-कूदने जा रहे है.

इस कारण उनके शरीर पर बुरा असर पड़ रहा है. इन कारणो से बच्चों को शरीरिक और मानसिक रूप से क्षति  हो सकती है. तो ऐसे में घर वालो का परेशानी और जिम्मेदारी होती है, बच्चो को एक स्वस्थ भोजन का प्रबंध करे जो विटामिन से भरा पूरा हो जैसे कि विटामिन बी-6, विटामिन-सी, विटामिन-ई और विटामिन-डी से भरपूर चीजें को भोजन  में शामिल करना चाहिए, और जिन्हें आपके बच्चे आसानी से खाने को तैयार हो जाएं और आपको भी खिलाने में आसानी हो.

‘थकान लगना’ बीमारी है या नहीं:

बच्चों में थकान लगना भी एक बीमारी ही है, या कि यह अन्य बीमारियों को आने को एक लक्षण हो सकता है. फिर कुछ भी नहीं या फिर बस मन की एक भरम है. ये तीनों ही बातें सही हो सकती हैं. आप जब भी इस तरह की स्थिति में हो तो आपको पहले अपने बच्चो में देखे की उसे भूख और प्यास लग रही है, या नहीं या फिर जरूरत से ज्याद तो नहीं खा रहा है. पहले आप घर पर ही उनका डाइट को सही करे और उसके बाद भी सुधार नहीं होता है. तो आप डॉक्टर से मिलने जाएं तो इन तीनों ही समस्याओ के बारे में मन को तैयार करके जाएं. और डाक्टर को विस्तार से बताए सारी समस्या को बताएं.