Nagpur Assembly

    वर्धा: शीत सत्र की अबतक घोषणा नहीं हुई है़  किंतु, विधानसभा का शीत सत्र इस साल भी नागपुर की बजाए मुंबई में होगा, ऐसी चर्चाएं शुरू हो गई है़  इसके पिछे सीएम की सेहत भी मुख्य कारण बताया जा रहा है़  विदर्भ विकास का मुद्दा व अन्य समस्याओं को लेकर सरकार नजरअंदाज करने का आरोप लगाते नागपुर में सत्र के आयोजन से सरकार को परहेज क्यो? ऐसा सवाल नेता उठा रहे है़  नागपुर में ही शीत सत्र लेने की मांग जोर पकड रही है़  

    ठाकरे सरकार विदर्भ विरोधी

    पिछले वर्ष कोरोना का कारण बताकर सरकार ने शीतसत्र मुंबई में लेकर विदर्भ पर अन्याय किया है़  इस वर्ष कोरोना परिस्थिती नियंत्रित रहने के बावजूद भी मुंबई में शीतसत्र लेने का प्रयास ठाकरे सरकार कर रही है़  नागपुर में शीतसत्र लेकर नागपुर करार का पालन करें.  सरकार ने विदर्भ विकास महामंडल बंद किया़  निधी रोककर निरंतर  विदर्भ पर अन्याय किया जा रहा है़  ठाकरे सरकार विदर्भ विरोधी है़-सुनिल गफाट, जिलाध्यक्ष भाजपा

    सरकार उचीत निर्णय लेगी 

    इस बारें में अधिकृत जानकारी नहीं है़  नागपुर अधिवेशन दौरान विधायकों के रहने के साथ ही विभिन्न सुविधाएं उपलब्ध करानी पडती है़  किंतु, निर्माणकार्य शुरू होने के कारण दिक्कते आने की बात कही जा रहा है़  जिससे अधिवेशन देरी से होगा, ऐसा भी बताया जा रहा है़  सरकार उचीत निर्णय लेगी़ -चारुलता टोकस, उपाध्यक्ष महाराष्ट्र प्रदेश कांग्रेस कमिटी

    नागपुर करार का हो पालन

    जब महाराष्ट्र में विदर्भ का समावेश हुआ तब नागपुर करार किया गया था़  जिसके अनुसार विदर्भ में शीतसत्र होना जरूरी है़  गडचिरोली जैसे एक छोर में रहनेवाला व्यक्ति मुंबई में नहीं पहुंच सकता़  जिससे हर हालत में नागपुर में ही शीतसत्र लिया जाना चाहिए़  मुंबई में शीतसत्र लेकर परंपरा को खंडीत न करें.-अभिजीत फालके पाटील, प्रदेश संगठक सचिव राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी

    विदर्भ पर अन्याय बंद करें

    पहले ही विदर्भ का काफी बडा बैकलाग बाकी है़  ऐसे में नागपुर शीतसत्र मुंबई में लेना यह विदर्भवासियों पर अन्याय है़  जनप्रतिनिधियों को स्थानिय मुद्दे रखने का नागपुर शीतसत्र में अवसर मिलता है़  मुंबई के सत्र में पश्चिम महाराष्ट्र का ही वर्चस्व रहता है़  विदर्भ पर अन्याय बंद करें, नागपुर करार का पालन सरकार को करना चाहिए़ -आशिष ठाकरे, जिला संपर्क प्रमुख विदर्भ राज्य आंदोलन समिति

    नागपुर में सत्र लिया जाए

    महाराष्ट्र की उपराजधानी का दर्जा नागपुर को दिया गया है़  विदर्भ विकास के मुद्दे को लेकर नागपुर में शीतसत्र होना चाहिए़  ऐसे में शीतसत्र मुंबई में लेना यह विदर्भ की जनता पर अन्याय है़  नागपुर में ही शीत सत्र लेना चाहिए यह हमारी आग्रही भुमिका है़-प्रविण हिवरे, पूर्व सचिव, महाराष्ट्र प्रदेश कांग्रेस कमिटी