किसानों को सम्पूर्ण भरपाई दे राज्य सरकार

  • पनवेल संवाद सभा में बोले पूर्व कृषिमंत्री बोंडे

नवी मुंबई. बेमौसम हुई भारी बरसात के कारण राज्य के तमाम किसानों की फसलें बर्बाद हो गयी हैं. ऐसे किसानों को पूरी भरपाई मिलनी चाहिए. उक्त आशय की बात राज्य के पूर्व कृषिमंत्री एवं किसान मोर्चा के प्रदेशाध्यक्ष अनिल बोंडे ने व्यक्त की. पनवेल के गिरवले गांव में आयोजित किसान संवाद सभा में बोंडे ने राज्य की महाविकास आघाड़ी सरकार की नीति और नियत पर हमला बोला. उन्होंने कहा कि राज्य सरकार को केन्द्र सरकार की ओर उंगली उठाने की बजाय खुद किसानों को पूरी भरपाई देनी चाहिए.

उन्होंने कहा कि भारी बारिश के कारण राज्य में 115 लाख हेक्टर खेती तबाह हुई है. राज्य सरकार इसका सर्वेक्षण करा रही है जिसमें 6 महीने से अधिक का समय लगेगा इसलिए ऐसे सर्वेक्षण की बजाय किसानों को सम्पूर्ण आर्थिक मदद देनी चाहिए. संवाद सभा में विधायक प्रशांत ठाकुर ने बेमौसम हुए नुकसान के लिए खेतों का मुआयना भी किया. संवाद सभा में विधायक महेश बालदी, तालुका अध्यक्ष अरुण भगत, उरण तालुकाध्यक्ष रवी भोईर, किसानमोर्चा के संपर्क प्रमुख सुनिल गोगटे, प्रदेश सचिव अशोक गायकर समेत तमाम पदाधिकारी मौजूद थे.

किसानों के लिए गंभीर मोदी सरकार

किसान मोर्चा प्रदेशाध्यक्ष ने कहा कि केन्द्र की मोदी सरकार किसानों के कल्याण और उत्थान के लिए जागरूक है इसके लिए तीन विधेयक मंजूर कराया गया, जिससे किसानों को बड़ी राहत मिली है.हालांकि विरोधी दल कानून को लेकर दुष्प्रचार कर रहे हैं.उन्होंने यह भी कहा कि कोंकण में बड़े पैमाने पर फसलों का नुकसान हुआ है लेकिन राज्य सरकार तूटपूंजी मदद देने की कोरम पुर्ति कर रही है.उद्धव ठाकरे बाहर निकल रहे हैं लेकिन किसानों के हित में कोई भी घोषणा करने को तैयार नहीं है जो सरकार की नियत की पोल खोलता है.