Gopal Saini, a close aide of Vikas Dubey, surrendered in court

कानपुर. कुख्यात बदमाश विकास दुबे के करीबी सहयोगी गोपाल सैनी ने कानपुर देहात जिले की विशेष अदालत के समक्ष बुधवार को आत्मसमर्पण कर दिया। सैनी पर एक लाख रुपये का इनाम था। सरकारी वकील राजू पोरवाल ने बृहस्पतिवार को ‘पीटीआई-भाषा’ को बताया कि गोपाल सैनी बिकरू गांव में आठ पुलिसकर्मियों की हत्या के मामले में आरोपी है। विकास दुबे और उसके गुर्गों ने तीन जुलाई को कानपुर के चौबेपुर थाना क्षेत्र के बिकरू गांव में घात लगाकर पुलिस की टुकड़ी पर अंधाधुंध गोलियां बरसायीं थी जिसमें पुलिस उपाधीक्षक देवेन्द्र मिश्रा सहित आठ पुलिसकर्मी मारे गए थे। पुलिस दल वहां विकास दुबे का पकड़ने गया था। पोरवाल ने बताया कि सैनी ने कानपुर देहात की माटी स्थित विशेष अदालत के समक्ष आत्मसमर्पण कर दिया है।

अन्य एक अधिकारी ने बताया कि उत्तर प्रदेश पुलिस की स्पेशल टास्क फोर्स (एसटीएफ) और कानपुर पुलिस सैनी की तीन जुलाई से तलाश कर रही थी। पोरवाल ने बताया कि सैनी के वकील ने अदालत के समक्ष आत्मसमर्पण के लिए अर्जी दी थी। हालांकि इस संबंध में उन्होंने कोई विस्तृत जानकारी नहीं दी। पुलिस अधीक्षक (ग्रामीण) ब्रजेश श्रीवास्तव ने पुष्टि की कि बिकरू कांड के मुख्य आरोपी सैनी ने कानपुर देहात की अदालत के समक्ष आत्मसमर्पण कर दिया है। उन्होंने कहा कि हम उसे पुलिस हिरासत में लेने के लिए अदालत में अर्जी दाखिल करेंगे। श्रीवास्तव ने बताया कि सैनी पर पहले 50 हजार रुपये का इनाम था लेकिन बाद में इसे बढ़ाकर एक लाख रुपये कर दिया गया था।(एजेंसी)