murder
Representative Image

    मथुरा. एक बड़ी खबर के अनुसार उत्तर प्रदेश के मथुरा (Mathura) जिले में महज 1.88 लाख रुपये के लिए दोस्त ने एक साथी के साथ मिलकर अपने ही ख़ास दोस्त की ही जघन्य हत्या (Muder) कर दी। इतना ही नहीं इन आरोपियों ने युवक के पेट और गर्दन पर चाकुओं से ताबड़तोड़ 19 वार किए। इसके बाद उसका काम तमाम कर शव उठाकर अड़ींग नहर के पास फेंक दिया। बीते दो जून को कोतवाली पुलिस ने युवक का शव बरामद किया और अपनी जांच में जुटी गई। इस जांच में क्या हुआ खुलासे आइये आपको बताएं 

     पुलिस ने किये बड़े खुलासे : 

    इधर उत्तरप्रदेश पुलिस ने इन दोनों आरोपियों को अपनी गिरफ्त में लेने के बाद बीते शुक्रवार को इस जघन्य हत्याकांड का खुलासा कर दिया। इतना ही नहीं इस पूछताछ में पता चला है कि आरोपियों ने युवक की हत्या करने से पहले उसे छक कर शराब पिलाई थी। जब वो नशे में बुरी तरह धुत हो गया तो चाकुओं से ताबड़तोड़ 19 वार कर उसकी जान ले ली। हालाँकि अब पुलिस भी हत्या में प्रयुक्त चाकू भी बरामद कर चुकी  है।

    नौकरी छुटने पर शुरू किया ब्याज का धंधा :

    इस गहता पर रौशनी डालते हुए पुलिस ने बताया कि कोरोना के चलते नौकरी छूट जाने पर योगेश शर्मा पुत्र सुरेश चंद शर्मा निवासी विष्णुपुरी ने ब्याज का काम शुरू किया था। योगेश से उसके ही पक्के दोस्त दीपक शर्मा उर्फ गोल्डी पुत्र गणेश शर्मा निवासी विष्णुपुरी ने दो लाख रुपये ब्याज पर लिए थे। इसमें से उसने 50 हजार रुपये तो लौटा दिए थे, जबकि डेढ़ लाख रुपये अभी भी उस पर बकाया था।

    आरोपी ने अपने दुसरे दोस्त को भी दिलाए थे रुपये :

    इसके साथ ही गोल्डी ने अपने दोस्त सोनू उर्फ बोना पुत्र ठाकुरदास निवासी मंशा टीला महावन को भी योगेश से 38 हजार रूपये ब्याज पर दिलवाए थे। इधर लगातार रुपये मांगने पर बोना और गोल्डी रुपये वापस नहीं कर रहे थे। एक जून को बोना और गोल्डी अपने साथ योगेश को रुपये दिलवाने के बहाने अड़ींग ले गए। रास्ते में इन तीनों ने जमकर शराब और बीयर का भी रस्वादन किया। 

    चाकुओं से किए ताबड़तोड़ 19 वार :

    इधर नशे में धुत होने के बाद आरोपियों ने अड़ींग नहर के पास योगेश को ले जाकर उसके के पेट और शरीर पर चाकुओं से ताबड़तोड़ और बेदर्दी से करीब 19 वार किए। इस काण्ड के बाद अरोपी हत्या की वारदात को छुपाने के लिए उसके शव को फेंककर भाग गए। उधर, रात को वापस घर ना आने पर योगेश के भाई सचिन ने कोतवाली में योगेश की गुमशुदगी रिपोर्ट दर्ज कराई थी। जिसके बाद दो जून को योगेश के शव की पुलिस ने पतासाजी कर ली थी। 

    पुलिस ने लिया अपनी गिरफ्त में :

    इस पूरी घटना पर S।P सिटी मार्तंड प्रकाश सिंह ने बताया कि, “सर्विलांस और सीसीटीवी फुटेज की मदद से कोतवाल सूरज प्रकाश शर्मा, इंस्पेक्टर अपराध अमित कुमार बैनीवाल और चौकी प्रभारी राकेश यादव की टीम ने अपनी सुझबुझ से दोनों हत्यारोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। इसके साथ ही आरोपियों के पास से हत्या में प्रयुक्त चाकू भी बरामद हुआ है। हम अभी मामले की और तफ्तीश भी कर रहे हैं।”