शादी की सप्तपदी को भी कोरोना की बाधा

  • मंगल कार्यालयों को बुकिंग की प्रतीक्षा
  • बारातियों संख्या पर मर्यादा

यवतमाल. पिछले कई दिनों से कोरोना व लॉकडाउन के कारण शादी समारोह रुक गए थे. लेकिन अब अनलॉक की प्रक्रिया शुरू हो गई है और शादी के मुर्हूत आने के साथ-साथ शादी समारोह भी बढ़ रहे हैं. कोरोना की आशंका बनी रहने से प्रशासन ने नियमों को बरकरार रखा है. इसलिए, दीवाली से शुरू होने वाले विवाह उत्सव में कोरोना की बाधा बनी हुई है.

शहर के साथ तहसीलों में भी कई मंगल कार्यालय हैं. दिवाली के बाद हर साल यहां बुकिंग शुरू हो जाती थी. लेकिन बुकिंग का कोई पता नहीं है. लॉकडाउन, अनलॉक होने के बाद शादियां जुड रही हैं. लेकिन यह शादीयां अधिकतर घर पर ही निपटाए जा रहा है. या तो किसी होटल में, बहुत कम मेहमानों को आमंत्रित करके उत्सव मनाया जा रहा है. कुछ प्रशासन के नियमों के अनुसार मापते हैं लोगों की उपस्थिति में, एक दिन में शादीसमारोह खत्म हो जाते है और अगले दिन घर पर बहुत सारे मेहमानों को आमंत्रित कर भोजन दिया जाता है.

कोरोना की दहशत अभी कायम है और सरकार के नियमों के अनुसार शादी समारोह आयोजित किया जाएगा. इस शादी समारोह में कोरोना के प्रसार को रोकने के लिए सामाजिक दूरी और अन्य नियमों का पालन किया जाना अनिवार्य है. इस एहतियात के बिना, कोरोना के प्रसार में वृद्धि की संभावना से इंकार नहीं किया जा सकता है, और यदि कोरोना का प्रसार बढ़ता है, तो एक लॉकडाउन हो सकता है.

शहर के मंगल कार्यालय बुकिंग की प्रतीक्षा, दीवाली के बाद शादी के कई मुहूर्त हैं और लाकडाउन भी शिथिल हो गया है. जिससे शहर के मंगल कार्यालय शादी समारोह के लिए बुकिंग की प्रतीक्षा में है. हालांकि प्रत्यक्ष में इसमें तेजी नहीं दिखाई दे रही है. ऐसी जानकारी मंगल कार्यालय चालकों ने दी है. मंगल कार्यालय चालकों ने सरकार को अटेंडेंस लिमिट हटाने की भी मांग की है.

होटल में सीमित पैकेज, अभी शादी के बहुत से मुहूर्त हैं. हालांकि, शादी में उपस्थिति की सीमा बनी हुई है. इसलिए लोग कम मेहमानों के लिए एक अच्छा बडा मंगल कार्यालय बुक के बजाय एक शानदार होटल में शादी समारोह निपटा रहे हैं. यहां पर छोटी उपस्थिति के लिए एक विशेष पैकेज है. प्रशासन कोई सख्त कदम उठाता नहीं दिख रहा है क्योंकि होटल में होने वाले शादी समारोहों को कार्यक्रमों में बदल दिया जा रहा है.