शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र चुनाव प्रक्रिया पर प्रशिक्षण

यवतमाल. विधान परिषद के अमरावती शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र की चुनाव प्रक्रिया पर मास्टर ट्रेनर द्वारा मतदान केंद्र, माइक्रो पर्यवेक्षकों, संबंधित जोनल अधिकारियों को उपस्थित कर्मचारियों को प्रशिक्षित किया गया.

नियोजन सभागृह में हुए प्रशिक्षण को प्रमुख अतिथि के रूप में जिलाधिकारी एम. देवेंद्रर सिंह, अमरावती के राजस्व उपायुक्त गजेंद्र बावणे, आपूर्ति उपायुक्त लहाने, सहायक आयुक्त (भुमी सुधार) श्याम मस्के, पांढरकवडा के सहायक जिलाधिकारी विवेक जान्सन, जिले के अतिरिक्त जिलाधिकारी सुनील महिंद्रीकर, तिवसा के उप-मंडल अधिकारी नरेंद्र फुलझेले, उपजिलाधिकारी (चुनाव) डा. स्नेहन कनिचे के साथ-साथ संबंधित उप-विभागीय अधिकारी उपस्थित थे.

इस अवसर पर जिलाधिकारी एम. डी. सिंह ने कहा कि चुनाव में विकलांग मतदाताओं का विशेष ध्यान रखा जाना चाहिए. उन्हें मतदान केंद्र पर निर्वाचन आयोग द्वारा निर्देशित सभी सुविधाओं के साथ-साथ एक रैंप की भी आवश्यकता है. चूंकि यह चुनाव कोरोना की महामारी पाश्वभूमि में हो रहा है, इसलिए हर मतदान केंद्र को पूरी तरह से सैनिटाइजर किया जाना चाहिए. मतदान केंद्रों पर काम करने वाले अधिकारी और मतदान के अधिकार का प्रयोग करने वाले मतदाताओं को मास्क पहनना अनिवार्य और सामाजिक दूरी का पालन करना चाहिए. मतदान केंद्र के अध्यक्ष को इस बात का विशेष ध्यान रखना चाहिए कि मतदान केंद्र में एक बार में एक ही मतदाता होगा.

मतदान केंद्र के सभी अधिकारियों और कर्मचारियों को मतदान केंद्र पर जाने-आने का रास्ता, टीम के सदस्यों के मोबाइल नंबर, उनके मतदान केंद्र का प्रतीक पता होना चाहिए. इसके अलावा, मतदान के लिए आवश्यक सामग्री जैसे कि लाख की छड़ें, कपड़े की थैलियां, लोहे की पट्टि, फॉर्म 19, उम्मीदवार व उनके प्रतिनिधि के नमूना हस्ताक्षर, जामूनेकलर की स्याही की विशेष कलम आदि को सावधानी से केंद्र में ले जाना चाहिए. मास्टर ट्रेनर्स श्याम मस्के और नरेंद्र फुलझेले ने पूरी मतदान प्रक्रिया के बारे में उपस्थितों का मार्गदर्शन किया.

शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र के चुनाव के लिए जिले में कुल 19 मतदान केंद्र हैं और यवतमाल जिले में पंजीकृत शिक्षक मतदाताओं की कुल संख्या 7407 है. मतदाताओं में 5614 पुरुष शिक्षक और 1793 महिला शिक्षक मतदाता हैं.