जेडपी शिक्षकों के 23 हजार पद रिक्त

    अमरावती. एक ओर जहां राज्य में प्रगत शैक्षणिक महाराष्ट्र कार्यक्रम के अंतर्गत शैक्षणिक गुणवत्ता बढ़ाने के लिए विशेष प्रयास किए जा रहे हैं. वहीं दूसरी ओर जिला परिषद (जेडपी) शालाओं में शिक्षकों के 23 हजार 435 पद रिक्त है. फलस्वरूप इसका परिणाम प्रगत शैक्षणिक महाराष्ट्र इस उपक्रम पर हो रहा है. 

    समायोजन का कड़ा विरोध 

    निजी अनुदानित शाला में अतिरिक्त हुए शिक्षकों का समायोजन झेडपी के शाला के रिक्त पदों पर करने का आदेश शिक्षा विभाग ने दिया है. बावजूद इसके शिक्षणाधिकारी को कई मुसीबतों का सामना करना पड़ रहा है. रिक्त शिक्षकों के पद फिर से निर्माण करने पर उन शिक्षकों का समायोजन फिर से उनके मूल शालाओं में किया जाएगा. मूल शाला ने इंकार करने पर उनका पद रिक्त होगा.

    जहां अतिरिक्त शिक्षकों की संख्या बढ़ी है. वहीं दूसरी ओर रिक्त पदों की संख्या उससे अधिक दिखाई दे रही है. इसीलिए अतिरिक्त हुए शिक्षकों का समायोजन कर रिक्त जगह पर नए से भर्ती प्रक्रिया करने की जरूरत है. निजी शाला के शिक्षकों का जेडपी में समायोजन करने को जिप प्राथमिक शिक्षक संगठन का विरोध दर्शाया है.