मनपा के योजनाओं से कंट्रोल में मानसूनी बीमारियां

  • हर दिन किया जा रहा दवाओं का छिड़काव 

औरंगाबाद. हर वर्ष बारिश के मौसम में डेंगू, मलेरिया, फ्लू, चिकन गुनिया जैसे बीमारियां पांव  पसारती  है.पर इस वर्ष पूरा देश कोरोना महामारी से जुझ रहा है. बारिश का मौसम शुरु होते ही डेंगू, मलेरिया जैसी मानसूनी बीमारियां बड़े पैमाने पर लोगों को बीमार बनाते है, लेकिन इस वर्ष मनपा प्रशासक आस्तिककुमार पांडेय ने बारिश का मौसम आरंभ होते ही इस पर नियोजन कर इन बीमारियों को फैलने से रोकने के लिए विशेष उपाय योजनाओं की. उन उपाय योजनाओं से आज डेंगू, मलेरिया जैसी मानसूनी बीमारियां कंट्रोल में है.

बारिश का मौसम आरंभ होते ही मनपा प्रशासक पांडेय ने 16 जून को एक बैठक लेकर डेंगू, मलेरिया और चिकनगुनिया जैसी मानसूनी बीमारियों पर अंकुश पाने के लिए सभी 9 जोन में हर घर का सर्वेक्षण करने, परिसर में दवाओं का छिड़काव, आबेटिंग करना जैसे उपाय योजनाओं पर सख्ती से अमलीजामा पहनाने के लिए अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए थे. विशेषकर कमिश्नर पांडेय ने हर अधिकारी पर जिम्मेदारी निश्चित की थी. यहीं कारण है कि प्रभाग के अधिकारियों के अलावा स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों और कर्मचारियों ने मानसूनी बीमारियों को फैलने से रोकने के लिए युध्दस्तर पर प्रयास जारी रखे हुए है. 

स्वास्थ्य विभाग की मेहनत रंग लाई 

मनपा प्रशासक आस्तिककुमार पांडेय के आदेश पर मनपा की मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. नीता पाडलकर और मलेरिया विभाग की प्रमुख डॉ. अर्चना राणे के मार्गदर्शन में संपूर्ण 9 जोन में मलेरिया कर्मचारी, स्वच्छता निरीक्षक, सफाई कर्मचारियों ने मिलकर इन मानसूनी बीमारियों पर अंकुश पाने के लिए हर उपाय योजनाओं पर अमलीजामा पहनाया. इन उपाय योजनाओं में घर-घर सर्वेक्षण करना, मच्छर उत्पति स्थानों को ढूंढ निकालकर उन्हें नष्ट करना, पानी में आबेटिंग करना, औषधि और धूर फवारी करना, पानी में गप्पे मछलियां डालना, जनजागृति करनेवाले पत्र को बांटना, स्टिकर्स लगाना, घंटा गाडी और जिंगल द्वारा जनजागृति करना ऐसी कई उपाय योजनाओं पर अमलीजामा पहनाया. 

2 लाख घरों का हुआ सर्वे 

मनपा की मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. नीता पाडलकर ने  बताया कि इस मुहिम के अंतर्गत आज तक 9 जोन में कुल 2 लाख 8 हजार 675 घरों का सर्वेक्षण किया गया. इसमें कुल 3 लाख 56 हजार कंटेनर्स जांचे गए. इसमें 2 हजार 34 कंटेनर्स में मच्छरों के आलियां पायी गयी. जिससे कुल 4 हजार 129 कंटेनर्स खाली कर मच्छरों के  उत्पति स्थानों को नष्ट किया गया. कुल 2 लाख 69 हजार 76 कंटेनर्स, हौज में आबेटिंग की गई. कुल 81 हजार 12 घरों में दवाओं का छिड़काव किया गया. परिसर में विविध स्थानों पर गप्पी मछलियां और जरुरी स्थानों पर ऑइल डाला गया.लगभग 11 हजार 834 घरों व परिसरम में धुएं का छिड़काव किया गया. मनपा द्वारा किए गए उपाय योजनाओं के चलते डेंगू, मलेरिया, चिकन गुनिया जैसे मानसूनी बीमारियों से शहरवासी सुरक्षित होने का दावा मनपा की मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. नीता पाडलकर ने किया.