अनुकंपा कर्मचारियों का विभिन्न मांगों को लेकर अनशन

बुलढाना. अनुकंपा प्रणाली के तौर पर कार्यरत चतुर्थश्रेणी कर्मचारियों ने सोमवार 6 अगस्त से स्थानीय शिक्षाधिकारी कार्यालय के समक्ष बेमियादी अनशन शुरू किया है. मांगें पूरी न होने तक यह अनशन खत्म न करने

बुलढाना. अनुकंपा प्रणाली के तौर पर कार्यरत चतुर्थश्रेणी कर्मचारियों ने सोमवार 6 अगस्त से स्थानीय शिक्षाधिकारी कार्यालय के समक्ष बेमियादी अनशन शुरू किया है. मांगें पूरी न होने तक यह अनशन खत्म न करने की चेतावनी अनशनकर्ताओं ने दी है. शिक्षाधिकारी को दिए ज्ञापन में अनशनकर्ताओंने कहा है कि, उनकेरिश्तेदारों का निधन होने पर उनके करीबी परिजनों को संस्थाओंव्दारा सेवा में नियुक्त किया गया . लेकिन ऐसा करने से पहले शैक्षिकसंस्थानों व्दारा सरकार से किसी भी प्रकार की अनुमति नहीं ली गई. ऐसे में जिन पदों पर वे कार्यरत है, उन पदों को सरकार व्दारा मान्यता ही नहीं दी गई है. इसके चलते पिछले कई वर्षों से सभी अनुकंपा कर्मचारियों को बगैर किसी वेतन के काम करना पड़ रहा है.

आर्थिक स्थिति हो रही कमजोर
इस स्थिति में सभी कर्मचारियों की वित्तीय हालत काफी खराब हो गई है. इसलिए इन पदों को जल्द से जल्द मान्यता प्रदान कर सभी अनुकंपा कर्मियों को वेतन दिया जाए. इसके साथ ही जो अनुकंपा कर्मचारी तीन वर्षों से अपने पदों पर काम कर रहे है, उन्हें पदोन्नति दी जाए, ऐसी मांग ज्ञापन में की गई है. अनशन में वर्षा अवचार, प्रमिला राजनकर, शिवकन्या खेडेकर, पल्लवी तलेकर, सुनील सालवे, मो. अशरफ शेख अस्लम, प्रवीण बोरसे, विनोद कवले, सुजितसिंह गौर तथा अश्विन पालवे शामिल है.