सादगी से मनाया जाएगा बतुकम्मा उत्सव

गडचिरोली. जिले के अंतिम छोर व तेलंगाना व छत्तीसगड राज्यों से जुडे सिरोंचा तहसील में तेलगू भाषिक श्रद्धालुओं का धार्मिक उत्सव बतकम्मा इस वर्ष कोरोना संक्रमण के चलते सादगी से मनाया जाएगा। जिससे परंपरागत रूप से पिछले एक शतक से शुरू उत्सव पर कोरोना का दिखाई देगा।

बतुकम्मा त्योहार पर फूलों से सात लेयर से गोपुरम मंदिर की आकृति बनाई जाती है। तेलगू में बठुकम्मा का मतलब होता है, देवी माँ जिन्दा है। इस दिन बठुकुम्मा को महागौरी के रूप में पूजा जाता है। यह त्यौहार स्त्री के सम्मान के रूप में मनाया जाता है।

किंतु इस वर्ष मार्च महीने से फैले वैश्विक महामारी कोरोना की वजह से देश भर में मनाये जाने वाले त्योहारों को सादगी से मनाया जा रहा है। इस वर्ष गणेशोत्सव, नवरात्रोत्सव सादगी से मनाया जा रहा हैद्ध सरकार ने इसके लिए दिशा निर्देश जारी किये है। महाराष्ट्र तेलंगाना की सीमा पर बसे सिरोंचा में तेलगू भाषिकों की संख्या अधिक है। प्रतिवर्ष दशहरे के दिन बतकम्मा उत्सव मनाया जाता है। किंतु इस वर्ष कोरोना संक्रमण की वजह से यह उत्सव भक्तिभाव के साथ सादगी से मनाने की तैयारी शुरु है।