RFO पर मनमानी व लाखों की लूट का आरोप, वनकर्मियों ने की वरिष्ठों से शिकायत, सौंपे दस्तावेज

    आलापल्ली. एटापल्ली के वनपरिक्षेत्राधिकारी एस. एच. राठोड़ द्वारा मनमानी कर लाखों रूपयों की लूट करने का आरोप उनके ही विभाग के कर्मचारियों ने लगाया है. वनविभाग के अधिकारी व कर्मचारियों ने रविवार को भामरागड़ वनविभाग के उपवनसंरक्षक को दस्तावेज सौंपकर शिकायत की है. जिससे वन परिक्षेत्राधिकारी एस. एच. राठोड़ पर निलंबन की तलवार लटती नजर आ रही है. बता दें कि, एटापल्ली के वनरक्षक, वनपाल की एलआईसी की रकम व पतसंस्था के पास भेजे जानेवाली रकम में बड़े पैमाने पर अनियमितता होकर अधिक पैसे कटौती किए गए हैं.

    रात के समय वनकर्मियों के साथ ले जाकर बांडे नदी से ट्रैक्टरधारकों से पैसे वसूल करते हैं. वहीं वनकर्मचारियों को पैसे वसूल करने का मौखिक आदेश देते हैं. इस मामले के चलते तेजावत साखरे नामक वनरक्षक एसीबी के जाल में फंस गया. वहीं अन्य वन मामलों भी राठोड़ ने अनियमिता बरती है. इसके अलावा अपने अधिनस्थ कर्मचारियों के साथ गलत शब्दों का उपयोग करने और कर्मचारियों को त्रस्त करने की शिकायत वन कर्मचारियों ने उप वनसंरक्षक से की है.

    इस मामले की जांच करने के बाद वन परिक्षेत्राधिकारी राठोड़ सरकारी विभिन्न कार्यों में अनियमितता व भ्रष्टाचार करने की बात उजागर हुई. जिससे उनके निलंबन का प्रस्ताव वरिष्ठों को भेजे जाने की जानकारी मिली है. अब वरिष्ठ स्तर से कब कार्रवाई होगी, इस ओर वन कर्मचारियों की नजरें टिकी हुई हैं.

    निलंबन का प्रस्ताव वरिष्ठों को भेजा : पांडे

    भामरागड़ वन विभाग के उपवनसंरक्षक आशीष पांडे ने बताया कि, संपूर्ण मामले की प्राथमिक जांच करने के बाद वनपरिक्षेत्राधिकारी एस. एच. राठोड़ व लिपिक डी. वाई. चव्हाण जिम्मेदार होने की बात स्पष्ट हुई. जिसके अनुसार उनके खिलाफ तत्काल निलंबन की कार्रवाई करने का प्रस्ताव वरिष्ठ अधिकारियों को भेजा गया है.