जिला विकास की दृष्टि से प्रस्ताव पेश करे

  • केंद्र सरकार संयुक्त सचिव कुणाल कुमार के निर्देश
  • आकांक्षित जिला जायजा बैठक संपन्न

गडचिरोली. जिले के विकास की दृष्टि से महत्वपूर्ण योजनाओं के संदर्भ में अडचणें होने पर उसपर उपाययोजना संदर्भ के प्रस्ताव तैयार कर वार्षिक प्रारूप में समाविष्ट करे, ऐसी सूचना भारत सरकार के केंद्रीय संयुक्त सचिव कुणाल कुमार ने दिया है. आकांक्षित जिले का जायजा लेने के लिए वे जिले में आए थे, इस दौरान प्रशासकिय अधिकारी को निर्देश देते हुए बोल रहे थे. 

जायजा बैठक में जिलाधिकारी दीपक सिंगला, पुलीस अधिक्षक अंकित गोयल, जिप के मुख्य कार्यकारी अधिकारी कुमार आशिर्वाद, प्रकल्प अधिकारी राहूल गुप्ता, प्रकल्प अधिकारी आशिष येरेकर, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक समीर शेख तथा विभीन्न विभागों के विभाग प्रमुख उपस्थित थे. 

कुणाल कुमार ने बैठक के दौरान जिले के विभीन्न कार्यो के संदर्भ में जानकारी प्राप्त की. इसमें जिले के सडके, बिजली, स्वास्थ्य व शिक्षा ऐसे महत्वपूर्ण विषयों पर चर्चा की. विकासात्मक कार्यो पर अमल करते समय अनेक समस्याएं आती है. वह तत्काल हल करने के लिए नई जोड योजना चलानी पडती है. इसके लिए प्रत्येक विभाग की ओर ये प्रतिक्रियाएं आना तथा उपाययोजना चलाना जरूरी होकर इस संदर्भ के प्रस्ताव तत्काल जिलाधिकारी को पेश करना आवश्यक होने की बात उन्होने कहीं. 

बैठक में जिलाधिकारी दीपक सिंगला ने जिले के विभीन्न विकासकार्यो के संदर्भ में जानकारी दी. इस समय कालावधि में जिले के स्वास्थ्य क्षेत्र में बढी भौतिक सुविधाओं का जायजा लेते हुए कुणाल कुमार ने कहां कि, कोरोना संक्रमण के कारण जिले में बडी मात्रा में स्वास्थ्य सुविधा जिसमें मनुष्यबल, व्हेंटीलेटरर्स, एम्ब्युलन्स, प्रयोग शाला, बेड्स उपलब्ध हुए. इसका लाभ भविष्य में नागरिकां को स्वास्थ्य सेवा देने में होनेवाला है. जिले के ग्रामीण क्षेत्र में बिजली अखंडित मिलना महत्वपूर्ण है.

क्यौंकि, बिजली ही शिक्षा देती है, पानी देती है. जिससे बिजली के कारण विकास को गति दी जा सकती है. जिले के स्थानीय वस्तू, हस्तकला तथा अन्य वनोपज पर उद्योग निर्माण कर उसकी बिक्री जिले के बाहर होना आवश्यक है. वित्तीय गति देने के लिए जिले का व्यवसाय बडा कर उसे वैश्विक अर्थचक्र से जोडना आवश्यक होने की बात कुणाल कूमार ने की. जिले में अस्तीत्व में होनेवाले बचत गुट तथा विभीन्न लोग समुह का उपयोग कर उद्योग को गति दी जा सकती है. मत्स्य व्यवसाय तथा दुग्ध व्यवसाय को गति देना भी आवश्यक होने की बात उन्होने कहीं. 

आकांक्षित जिला गडचिरोली की वर्तमान स्थिती 

गडचिरोली जिला देश के 115 आकांक्षित जिले में आता है. इन सभी आकांक्षित जिले में विकासात्मक कार्यो की दृष्टि से जिले का डेल्टा क्रम 28 वां है. स्वास्थ्य तथा पोषण में 72.3 अंक, शिक्षा क्षेत्र में 58.5 अंक, खेती तथा जलस्त्रोत 13.6 अंक, अर्थ तथा कौशल्य विकास 24.9 तो  सर्वसाधारण सुविधाओं में 64.7 अंक है.